बारिश के बाद लबालब हुआ सबलगढ़ तालाब

मूसलाधार बारिश के चलते सबलगढ़ तालाब पूरी तरह से भर चुका है। शनिवार सुबह 8 बजे सामने आई जानकारी के मुताबिक, इस तालाब का जलस्तर सीधे वियर के लेवल पर पहुंच गया है। इस जल भराव के बाद से स्थानीय रहवासियों और किसानों के बीच काफी उत्साह का माहौल देखा जा रहा है।

किसानों और पशुओं को मिलेगी राहत

इस मानसून सीजन में अधिकांश समय बारिश कम होने से किसान और आम नागरिक काफी चिंतित व मायूस थे। अब तालाब के लबालब होने से सिंचाई का संकट दूर होने की उम्मीद जगी है, जिससे किसानों के चेहरे खिल उठे हैं। इसके अलावा क्षेत्र के मवेशियों और जंगली जानवरों के लिए भी आसानी से पेयजल उपलब्ध हो सकेगा।

इतिहास पर नजर डालें तो करीब दस साल पहले इस तालाब के पानी से 175 हेक्टेयर कृषि भूमि की सिंचाई की जाती थी। प्रशासन द्वारा वर्ष 2011-12 के दौरान लगभग दो करोड़ रुपये खर्च करके इसका जीर्णोद्धार कराया गया था। इस जलसंरचना की कुल जल भराव क्षमता 6.91 मिलियन घन मीटर है, और अच्छी बारिश होने पर इसमें 4.41 मिलियन घन मीटर पानी जमा हो जाता है।

रिसाव की समस्या और सौंदर्यीकरण कार्य

भले ही तालाब भर गया हो, लेकिन इसकी दीवारों से होने वाले रिसाव के कारण पानी लंबे समय तक टिक नहीं पाता है। स्थानीय किसान नासिर खान ने अपनी बात साझा करते हुए बताया कि गर्मी के मौसम में ही तालाब की तली में खेती करने का मौका मिलता है, क्योंकि अप्रैल महीने की शुरुआत से ही तालाब सूखने लगता है।

दूसरी ओर, नगर पालिका की ओर से लगभग 1.01 करोड़ रुपये की लागत से इस परिसर का सौंदर्यीकरण किया गया है, जिसके तहत पक्के रास्ते और घाटों का निर्माण हुआ है। पिछले साल क्वांर मास में पितरों को जल अर्पित करने के वास्ते विशेष घाट भी बनवाए गए थे। आसपास के इलाकों से लोग अपने गुरुजनों के साथ यहां पूर्वजों को तर्पण देने पहुंचते हैं, जिससे इसे एक प्रमुख पर्यटन केंद्र के रूप में भी विकसित किया जा रहा है।

स्थानीय सैलानी सोनू के अनुसार, कल शाम हुई तेज मूसलाधार बारिश के बाद से ही तालाब का जलस्तर तेजी से बढ़कर वियर के लेवल तक पहुंच गया है।