मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय की ग्वालियर खंडपीठ में बार एसोसिएशन के बहुप्रतीक्षित चुनावों को लेकर कानूनी खींचतान तेज हो गई है। स्टेट बार काउंसिल द्वारा गठित तदर्थ समिति और चुनाव प्रक्रिया को चुनौती देने वाली याचिका पर गुरुवार को अदालत में महत्वपूर्ण सुनवाई हुई।
ड्राफ्टिंग पर कोर्ट की सख्त नाराजगी
सुनवाई के दौरान अदालत ने सरकारी पक्ष की तैयारियों पर कड़ी आपत्ति जताई। महाधिवक्ता कार्यालय, डिप्टी एडवोकेट जनरल और डिप्टी सॉलिसिटर जनरल ऑफ इंडिया की तरफ से पेश की गई याचिका की ड्राफ्टिंग को लेकर अदालत ने मौखिक रूप से बेहद तल्ख टिप्पणियां कीं। न्यायमूर्तियों ने सवाल उठाया कि इस तरह की त्रुटियों के साथ अदालती दस्तावेजों को कैसे तैयार किया जा रहा है।
31 दिसंबर तक चुनाव कराने का अल्टीमेटम
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष पवन पाठक ने जानकारी दी है कि अदालत ने मामले में मौखिक निर्देश देते हुए स्पष्ट किया है कि चुनाव प्रक्रिया हाईकोर्ट बार एसोसिएशन द्वारा गठित निर्वाचन समिति के माध्यम से ही पूरी कराई जाए। साथ ही, आगामी 31 दिसंबर तक हर हाल में मतदान संपन्न कराने के निर्देश दिए गए हैं। हालांकि, इस मामले में विस्तृत लिखित आदेश का इंतजार किया जा रहा है।
गौरतलब है कि बार एसोसिएशन की पिछली कार्यकारिणी का दो साल का कार्यकाल इस साल 20 अप्रैल को ही पूरा हो चुका है, लेकिन तय समय पर चुनाव न हो पाने के कारण विवाद की स्थिति बनी हुई है। स्टेट बार काउंसिल ने पहले 15 अक्टूबर को एक तदर्थ समिति का गठन किया था, जिसके बाद एसोसिएशन स्तर पर भी नई समितियों को लेकर बैठकों का दौर चला।
नई निर्वाचन समिति का हुआ है गठन
इससे पहले बुधवार को बार एसोसिएशन के अध्यक्ष पवन पाठक की अध्यक्षता में एक अहम बैठक बुलाई गई थी। इस बैठक में चुनाव कराने को लेकर असमर्थता जताए जाने के बाद सर्वसम्मति से आठ सदस्यीय नई निर्वाचन समिति बनाई गई थी, जिसमें पीसी चांदिल, संजीव कुमार मिश्र, अनिल श्रीवास्तव, रागिनी मिश्रा, शूरवीर चाहर, पुरुषोत्तम पांडेय, सोमवीर यादव और ऋषि कुमार कटारे को शामिल किया गया है।
बुधवार को हुई इस बैठक में संघ के कई प्रमुख पदाधिकारी प्रत्यक्ष रूप से उपस्थित रहे, जबकि अन्य वरिष्ठ अधिवक्ता वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े और चुनाव प्रक्रिया को लेकर चर्चा की गई। अब अदालत के ताजा रुख के बाद देखना होगा कि तय समयसीमा के भीतर चुनाव प्रक्रिया कैसे पूरी होती है।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!