चंबल नदी के रास्ते होने वाले अवैध रेत के कारोबार को पूरी तरह रोकने के लिए स्थानीय पुलिस ने अपनी रणनीति को और अधिक धार दे दी है। अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण पर शिकंजा कसने के उद्देश्य से जिले भर में चौकसी बढ़ा दी गई है।

एसपी ने किया औचक निरीक्षण

इस कड़ी में पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीणा ने 27 और 28 अगस्त की दरमियानी रात को जिले के तमाम स्थाई और अस्थाई सुरक्षा नाकों का औचक दौरा किया। उन्होंने रात की गश्त और चेकिंग व्यवस्था का खुद जायजा लिया ताकि मैदानी स्तर पर बरती जा रही लापरवाही पर रोक लगाई जा सके।

प्रमुख मार्गों और चौकियों की पड़ताल

निरीक्षण के दौरान एसपी धर्मराज मीणा ने बाबा देवपुरी मंदिर, अल्लावेली चौकी और आरटीओ बैरियर समेत रेत परिवहन के सभी संवेदनशील संभावित मार्गों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने मौके पर तैनात पुलिस कर्मियों से रात की ड्यूटी की जानकारी ली और उनकी सक्रियता को परखा। इसके बाद उन्होंने शहर के भीतर भी रात्रि गश्त की स्थिति देखी।

मौके पर मौजूद जवानों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि घाटों से आने-जाने वाले रास्तों पर कड़ी नजर रखी जाए। हर एक संदिग्ध वाहन को रोककर उसकी गहनता से तलाशी ली जाए और रेत ले जाने वाले वाहनों के वैध दस्तावेजों तथा परमिशन की भी पूरी जांच की जाए।

अनियमितता मिलने पर होगी सख्त कार्रवाई

एसपी ने निर्देश दिए कि यदि जांच के दौरान किसी भी वाहन में कोई गड़बड़ी मिलती है, तो अन्य विभागों से संपर्क कर तत्काल नियमानुसार कानूनी कदम उठाए जाएं। सभी नाकों पर तैनात अमले को आपसी तालमेल बनाकर पूरी सतर्कता से काम करने को कहा गया है।

संवेदनशील इलाकों और परिवहन मार्गों पर लगातार गश्त बढ़ाने के साथ-साथ औचक चेकिंग अभियान भी चलाने के आदेश दिए गए हैं। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत उच्च अधिकारियों तक पहुंचाने के निर्देश भी दिए गए हैं ताकि समय पर कार्रवाई की जा सके।

पुलिस अधीक्षक ने दो टूक कहा कि चंबल से जुड़े अवैध रेत के काम को नेस्तनाबूद करना प्राथमिकता है। इस धंधे में लिप्त लोगों और वाहनों पर लगातार नजर रखी जा रही है और भविष्य में भी नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।