अंचल के सबसे बड़े जयारोग्य अस्पताल (JAH) परिसर में भर्ती मरीजों और उनके तीमारदारों को अब बुनियादी और रख-रखाव से जुड़ी दिक्कतों के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा। इस दिशा में कदम उठाते हुए अस्पताल प्रबंधन ने एक विशेष हेल्पलाइन सेवा की शुरुआत की है, जिसके जरिए अब समस्याओं का तत्काल समाधान मिल सकेगा।
जीआरएमसी डीन ने शुरू की पहल
गजराराजा मेडिकल कॉलेज (GRMC) के डीन डॉ. आरकेएस धाकड़ ने अस्पताल परिसरों में बिजली, पानी, पंखे, प्लंबिंग और फर्नीचर से जुड़ी तमाम शिकायतों के त्वरित और समयबद्ध निस्तारण के लिए यह व्यवस्था लागू की है। उनका कहना है कि इलाज के साथ-साथ मरीजों को अस्पताल में बेहतर और सुगम बुनियादी सुविधाएं मुहैया कराना प्रशासन की शीर्ष प्राथमिकता है।
जारी किया गया खास हेल्पलाइन नंबर
प्रशासन की ओर से इस सुविधा के सुचारू संचालन के लिए 0751-299738 नंबर अधिकृत किया गया है। कोई भी मरीज, उनके परिजन या वार्ड में तैनात स्टाफ इस नंबर पर फोन करके सीधे अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। फोन पर उन्हें केवल वार्ड और अपनी समस्या की पुख्ता जानकारी देनी होगी।
कंट्रोल रूम से वर्कशॉप तक पहुंचेगी सूचना
जैसे ही कोई व्यक्ति हेल्पलाइन पर कॉल करके अपनी समस्या बताएगा, कंट्रोल रूम से तुरंत उसकी सूचना JAH के वर्कशॉप प्रभारी को दे दी जाएगी। इसके बाद वर्कशॉप से संबंधित तकनीशियन, इलेक्ट्रिशियन, प्लंबर या फिर कारपेंटर को तत्काल मौके के लिए रवाना कर दिया जाएगा।
अतीत में वार्डों के भीतर फर्नीचर टूटने, बिजली गुल होने या पानी की नलों में खराबी आने पर उसके समाधान में लंबा वक्त लग जाता था। नई व्यवस्था के लागू होने से न केवल शिकायतों का समय पर निपटारा होगा, बल्कि मरम्मत के बाद काम का फीडबैक भी दर्ज किया जाएगा ताकि व्यवस्था में पूरी पारदर्शिता बनी रहे।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!