डबरा शहर में बुधवार की शाम को कोचिंग के लिए घर से निकला एक नाबालिग छात्र अचानक लापता हो गया। छात्र के काफी देर तक घर न लौटने पर परिजनों में चिंता छा गई और उन्होंने रात के वक्त थाने पहुंचकर इसकी सूचना दी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए फौरन तलाश अभियान शुरू कर दिया है।

गीता टॉकीज क्षेत्र में पढ़ने गया था छात्र

मिली जानकारी के अनुसार, डबरा के रहने वाले शिक्षक सत्येंद्र सिंह परमार का चौदह वर्षीय बेटा अक्षय प्रताप सिंह परमार बुधवार को गीता टॉकीज इलाके में कोचिंग कक्षाओं के लिए गया था। निर्धारित समय पर जब वह घर नहीं लौटा तो पहले परिजनों को लगा कि वह शायद किसी परिचित या मित्र के यहां रुक गया होगा।

जब काफी रात बीत जाने के बाद भी छात्र अपने घर नहीं पहुंचा, तब परिजनों ने अपने स्तर पर उसके मित्रों और रिश्तेदारों के यहां उसकी खोजबीन शुरू की। हरसंभव प्रयास के बाद भी जब उसका कोई सुराग हाथ नहीं लगा, तब परेशान परिजन डबरा सिटी थाने पहुंचे और पुलिस को पूरी घटना से अवगत कराया।

सीसीटीवी कैमरों में दौड़ते हुए नजर आया नाबालिग

घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय शिक्षकों की भीड़ भी थाने पहुंच गई। थाना प्रभारी संजय शर्मा ने फौरन एक्शन लेते हुए पुलिस दल को क्षेत्र के सीसीटीवी फुटेज खंगालने के निर्देश दिए। गीता टॉकीज के पास लगे कैमरों की जांच के दौरान शाम करीब साढ़े चार बजे छात्र भागते हुए कैमरे में कैद हुआ।

सामने आई फुटेज में देखा गया कि वह किशोर कमलेश्वर कॉलोनी की तरफ तेजी से जा रहा था। इसके बाद पुलिस ने कमलेश्वर कॉलोनी की ओर जाने वाले मार्गों के सीसीटीवी फुटेज भी निकलवाए, जिसमें भी वह भागने की मुद्रा में दिखाई दिया।

तलाश में जुटी पुलिस की टीमें

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज से मिलने वाले रूट के आधार पर आगे के रास्तों के कैमरों को भी लगातार खंगाला जा रहा है ताकि उसकी सटीक लोकेशन का पता लगाया जा सके।

थाना प्रभारी संजय शर्मा ने बताया कि पुलिस दल नाबालिग छात्र की सुरक्षित बरामदगी के लिए हरसंभव प्रयास कर रहा है। तकनीकी मदद और कैमरों की फुटेज के जरिए उसकी तलाश तेजी से जारी है।