डेढ़ साल से फरार चल रहा था इनामी आरोपी

शिवपुरी जिले में फर्जी एनजीओ के सहारे सरकारी जमीन बेचने के बड़े फर्जीवाड़े में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत पुलिस ने लंबे समय से फरार चल रहे 3 हजार रुपए के इनामी आरोपी सीताराम गौड़ को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। आरोपी पिछले 18 महीनों से पुलिस की पकड़ से दूर चल रहा था और उसकी तलाश लगातार की जा रही थी।

इस तरह सामने आया था पूरा मामला

यह पूरा मामला 21 मार्च 2025 को सामने आया था, जब पटवारी हल्का झींगुरा के आनंद यादव द्वारा इस संबंध में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई गई थी। शिकायत में बताया गया था कि सीताराम गौड़ सहित कुल 9 लोगों ने मिलकर एक फर्जी एनजीओ का सर्टिफिकेट तैयार किया। इसके बाद इस फर्जी दस्तावेज के आधार पर बेशकीमती सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा किया गया और उसे एनजीओ के नाम पर रजिस्ट्री कराकर आगे बेच दिया गया।

पुलिस ने घेराबंदी कर दबोचा

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने पहले ही इस प्रकरण में अन्य 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। हालांकि, इस पूरे षड्यंत्र का मुख्य आरोपी 52 वर्षीय सीताराम गौड़ निवासी बृजधाम कॉलोनी ठकुरपुरा लगातार फरार चल रहा था। पुलिस अधीक्षक यांगचेन डोलकर भूटिया द्वारा उसकी गिरफ्तारी पर 3 हजार रुपए का इनाम घोषित किया गया था।

गुप्त सूचना और तकनीकी मदद के आधार पर कोतवाली थाना प्रभारी रोहित दुबे के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने आरोपी को 26 नंबर कोठी के पीछे आरा मशीन के पास से घेरकर दबोच लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को स्थानीय न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे आदेशानुसार जिला जेल भेज दिया गया है।