शिवपुरी जिले के उदयपुरा गांव में शुक्रवार की शाम को स्थानीय आदिवासी परिवारों ने राशन वितरण व्यवस्था के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। तय मात्रा से कम खाद्यान्न और शक्कर मिलने से नाराज ग्रामीणों ने मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया, जिससे यातायात बाधित हो गया।

सेल्समैन पर कम राशन देने और अभद्रता का आरोप

विरोध प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने बताया कि बक्सनपुर, सिहमर्रा और उदयपुरा की संयुक्त उचित मूल्य राशन दुकान के सेल्समैन शिवाजी राजा चौहान द्वारा कोटे में हेरफेर की जा रही है। आरोप है कि कार्डधारकों को उनके हिस्से से लगभग 10 किलो गेहूं कम दिया जा रहा है और शक्कर का वितरण पूरी तरह बंद है।

ग्रामीणों ने यह भी शिकायत की कि जब वे कम खाद्यान्न का विरोध करते हैं, तो सेल्समैन और उनका समर्थन करने वाले सरपंच द्वारा उनके साथ अभद्रता की जाती है। आरोप लगाया गया कि दुकान से रात के वक्त राशन गायब किया जाता है तथा तौलने वाले कांटे में चुंबक लगाकर वजन में गड़बड़ी की जाती है।

कलेक्ट्रेट के चक्कर काटने के बाद उठाया कदम

सड़क पर उतरने से एक दिन पहले यानी गुरुवार को लगभग 80 की संख्या में ग्रामीण अपनी शिकायत लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे थे। वहां कोई ठोस समाधान नहीं मिलने के बाद ग्रामीणों का गुस्सा शुक्रवार को फूट पड़ा और उन्होंने सड़क पर बैठकर आवागमन ठप कर दिया।

प्रशासनिक अधिकारियों के समझाने पर हटा जाम

घटना की जानकारी मिलते ही खोड़ चौकी पुलिस और नायब तहसीलदार प्रतिभा पांडे तुरंत मौके पर पहुंच गए। प्रशासन की तरफ से पहुंचे फूड इंस्पेक्टर ने आक्रोशित ग्रामीणों से चर्चा की और उन्हें पात्रता के अनुसार पूरा राशन उपलब्ध कराने का भरोसा दिया। अधिकारियों के आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने जाम हटा लिया और प्रदर्शन खत्म कर दिया।