शिवपुरी जिले में अपनी विभिन्न मांगों को लेकर ग्राम रोजगार सहायकों ने आवाज बुलंद कर दी है। बुधवार को ग्राम रोजगार सहायक संयुक्त मोर्चा के बैनर तले स्थानीय कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रशासनिक अधिकारियों को एक ज्ञापन सौंपा गया, जिसमें मुख्य रूप से रोजगार सहायकों को पंचायत सहायक सचिव के पद पर शामिल करने और पंचायत सचिवों के समान सभी सुविधाएं उपलब्ध कराने की पुरजोर मांग की गई है।
अतिरिक्त कार्य का बोझ और वेतन भुगतान में देरी
संगठन के प्रतिनिधियों का कहना है कि प्रदेशभर में करीब 23 हजार ग्राम रोजगार सहायक मैदानी स्तर पर सरकारी योजनाओं को अमलीजामा पहनाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। इसके बावजूद उनकी वाजिब मांगों पर लंबे समय से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। रोजगार सहायक राजेश रावत ने बताया कि शासन स्तर पर लगातार ज्ञापन देने के बाद भी स्थिति जस की तस बनी हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग द्वारा लगातार अतिरिक्त कार्य कराया जा रहा है, जबकि समय पर वेतन न मिलने से आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है।
ज्ञापन में वित्तीय अनियमितताओं और भुगतान के मामलों को भी प्रमुखता से उठाया गया। संगठन के मुताबिक जनपद पंचायत पिछोर में जून 2025 के 18 हजार रुपए और जनपद पंचायत पोहरी में जून 2025 के 9 हजार रुपए का वेतन भुगतान अभी तक लंबित पड़ा है, जिससे कर्मचारियों में रोष व्याप्त है।
दो अक्टूबर से चरणबद्ध आंदोलन की चेतावनी
कलेक्ट्रेट में सौंपे गए ज्ञापन के माध्यम से प्रशासन को चेतावनी दी गई है कि यदि आगामी 1 अक्टूबर 2026 तक मांगों के संबंध में आधिकारिक आदेश जारी नहीं किए जाते हैं, तो 2 अक्टूबर से प्रदेशभर में उग्र आंदोलन की शुरुआत कर दी जाएगी। इस चरणबद्ध आंदोलन के तहत कलमबंद हड़ताल, कंप्यूटर कार्य बंद रखना, धरना-प्रदर्शन, भूख हड़ताल और आमरण अनशन जैसे कदम उठाए जाएंगे।
आवास सर्वे और जमीनी कार्यों से जुड़े अन्य मुद्दे
संयुक्त मोर्चा ने प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 के तहत चल रहे सर्वे में पात्र हितग्राहियों के नाम हटाए जाने के मामलों की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। संगठन का कहना है कि चेकर स्तर से नाम काटे जाने के बाद भी ग्रामीण सीधे तौर पर रोजगार सहायकों को इसके लिए जिम्मेदार मानते हैं और शिकायतें दर्ज कराते हैं।
इसके अलावा, जमीन से जुड़े तमाम कार्यों को राजस्व विभाग के सुपुर्द करने, सचिव विहीन रिक्त पंचायतों का प्रभार रोजगार सहायकों को सौंपने तथा पुराने और खराब हो चुके लैपटॉप व प्रिंटर की जगह नए उपकरण उपलब्ध कराने की मांग भी रखी गई है।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!