शिवपुरी जिले से गुजरने वाले नेशनल हाईवे-46 पर बेकाबू वाहनों की रफ्तार बेकसूर मवेशियों के लिए लगातार जानलेवा साबित हो रही है। कोलारस इलाके के इस प्रमुख मार्ग पर मंगलवार को एक के बाद एक दो दर्दनाक सड़क हादसे सामने आए, जिनमें ट्रकों की चपेट में आने से कुल सात मवेशी गंभीर रूप से जख्मी हो गए।
देहरदा ओवरब्रिज पर दर्दनाक हादसा
पहला मामला लुकवासा चौकी क्षेत्र के तहत आने वाले देहरदा ओवरब्रिज का है। यहां शिवपुरी की तरफ से गुना की दिशा में जा रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने सड़क पर बैठे गौवंश को कुचल दिया। टक्कर इतनी भीषण थी कि ट्रक मवेशियों को काफी दूर तक घसीटते हुए आगे निकल गया। इस भीषण दुर्घटना में चार गायों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, जबकि एक अन्य गाय गंभीर रूप से घायल हो गई।
सुमेला गांव के समीप भी चपेट में आए मवेशी
दूसरा हादसा बदरवास थाना क्षेत्र के अंतर्गत सुमेला गांव के नजदीक एनएच-46 पर घटित हुआ। इस दुर्घटना में एक अनियंत्रित ट्रक ने सड़क पर मौजूद दो गायों को अपनी चपेट में ले लिया। इस टक्कर के परिणामस्वरूप एक गाय की तुरंत मौत हो गई, और दूसरी गंभीर रूप से घायल अवस्था में सड़क पर पड़ी रही।
गौशाला होने के बावजूद हाईवे पर डेरा
दिलचस्प और चिंताजनक बात यह है कि सुमेला गांव के पास गौशाला का निर्माण होने के बावजूद बड़ी संख्या में मवेशी अक्सर हाईवे पर ही बैठे नजर आते हैं। स्थानीय स्तर पर सुरक्षा प्रबंधों की कमी के चलते यहां आए दिन दुर्घटनाएं होती रहती हैं। आंकड़ों के अनुसार, इस सीजन में अब तक एनएच-46 पर सड़क हादसों की वजह से 50 से अधिक मवेशियों की जान जा चुकी है।
सड़कों और हाईवे पर मवेशियों की आवाजाही को नियंत्रित करने के लिए जिला प्रशासन की तरफ से सख्त निर्देश पहले ही जारी किए जा चुके हैं। कलेक्टर अर्पित वर्मा ने भी इस विषय में दिशा-निर्देश दिए हैं, लेकिन इसके बावजूद जमीनी हालात में कोई खास बदलाव देखने को नहीं मिल रहा है और हादसों का सिलसिला लगातार जारी है।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!