पंद्रह दिन से बंद है बिजली आपूर्ति
श्योपुर जनपद के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत फिलोजपुरा की आदिवासी बस्ती तकियापीर में पिछले 15 दिनों से बिजली की व्यवस्था पूरी तरह ठप पड़ी है। बस्ती में लगा हुआ ट्रांसफार्मर फुंक जाने के कारण स्थानीय लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
तालाब और गड्ढों का पानी पीने की मजबूरी
बिजली आपूर्ति न होने से इलाके में पेयजल संकट विकराल रूप ले चुका है। स्थिति इतनी दयनीय हो चुकी है कि ग्रामीण अपनी और अपने परिवार की प्याس बुझाने के लिए खेतों के गड्ढों और तालाबों में जमा हुए दूषित पानी का उपयोग करने को विवश हैं।
अधिक लोड के कारण बार-बार फुंकता है ट्रांसफार्मर
ग्रामीणों का कहना है कि वर्तमान में बस्ती में जो 25 केवी का ट्रांसफार्मर लगा हुआ है, उस पर आबादी के अनुसार अत्यधिक विद्युत भार पड़ रहा है। इसी अत्यधिक लोड के चलते ट्रांसफार्मर बार-बार खराब होकर फुंक जाता है।
कलेक्ट्रेट पहुंचे ग्रामीण, अधिकारियों से न्याय की गुहार
इस गंभीर समस्या से निजात पाने के लिए बुधवार की रात तकियापीर बस्ती के तमाम ग्रामीण अपनी फरियाद लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे, हालांकि वहां उन्हें कोई भी जिम्मेदार अधिकारी नहीं मिला। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि पंचायत स्तर पर कई बार लिखित आवेदन देने के बावजूद उनकी समस्या पर कोई ध्यान नहीं दिया गया।
क्षमता बढ़ाकर 63 केवी डीपी लगाने की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन पर यह भी आरोप लगाया कि सरपंच, सचिव और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के समक्ष शिकायत करने पर उन्हें शासकीय कार्य में बाधा डालने का हवाला देकर डराया-धमकाया जाता है। स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि 25 केवी के स्थान पर तत्काल 63 केवी क्षमता का ट्रांसफार्मर स्थापित किया जाए ताकि बिजली और पानी की समस्या हमेशा के लिए हल हो सके।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!