सबलगढ़ में अग्रोहा नरेश की जयंती पर निकला जुलूस
अग्रवाल समाज द्वारा सबलगढ़ क्षेत्र में महाराजा अग्रसेन की जयंती का पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस बार स्थानीय स्तर पर समाज की ओर से दो अलग-अलग शोभायात्राएं निकाले जाने का मामला सामने आया है। तय कार्यक्रम के अनुसार एक जुलूस निकाला गया जबकि दूसरा जुलूस अन्य मार्गों से होकर गुजरा।
विभिन्न मार्गों से गूंजे जयकारे और लगे नारे
मुख्य शोभायात्रा रविवार को शाम करीब 7 बजे आरंभ हुई। इस दौरान डीजे की धुन और भारी जनसमूह के साथ समाज के लोग मुख्य मार्गों से गुजरे। जुलूस के दौरान महाराजा अग्रसेन अमर रहें और केसरिया ध्वज के साथ एकता का संदेश देने वाले नारे लगाए गए। हालांकि पारंपरिक रूट के कुछ हिस्सों जैसे पुराना बाजार और मंडी संतरों से एक यात्रा के न गुजरने पर हल्का गतिरोध भी देखा गया।
धर्मशाला में पदाधिकारियों ने की आरती और वंदना
जुलूस के समापन के पश्चात अग्रवाल धर्मशाला में पहुंचकर समाज के लोगों ने महाराजा अग्रसेन की प्रतिमा के समक्ष पूजा-अर्चना की। अनुष्ठान की शुरुआत जिलाध्यक्ष गोपाल गुप्ता और अध्यक्ष नीरज बजाज द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन एवं पूजन के साथ की गई। उनके बाद संस्था के अन्य सभी प्रमुख पदाधिकारियों और कार्यकारिणी सदस्यों ने भी बारी-बारी से आरती में भाग लिया।
स्थानीय स्तर पर रही सक्रिय भागीदारी
दूसरी तरफ, पूर्व उपाध्यक्ष पवन गुप्ता तथा विष्णु सिमारे के नेतृत्व में भी एक अन्य शोभायात्रा निकाली गई, जो सुनहरा, पुराना बाजार, गंज और मंडी संतरों जैसे क्षेत्रों से होकर गुजरी। जानकारी के मुताबिक सबलगढ़ कस्बे में अग्रवाल समाज के लगभग 1200 परिवार निवास करते हैं। यहाँ महाराजा अग्रसेन का यह पर्व उनके जनकल्याणकारी शासन काल और उनके प्रसिद्ध 'एक ईंट, एक रुपया' के समाजवाद सिद्धांत की स्मृति में प्रतिवर्ष श्रद्धापूर्वक मनाया जाता है।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!