सबलगढ़ में हर्षोल्लास के साथ हुआ माता की मूर्तियों का विसर्जन

अंचल में पिछले नौ दिनों से चल रहे नवदुर्गा महोत्सव का अब समापन हो गया है। सबलगढ़ नगर के अधिकांश पंडालों में पूरे विधि-विधान के साथ विराजी माता रानी की मूर्तियों को श्रद्धालुओं ने भावुक मन से विदाई दी और रानी तालाब में उनका विसर्जन किया।

रामनवमी के अवसर पर उमड़ी भक्तों की भीड़

इस वर्ष 11 अक्टूबर को नवरात्रि के पावन पर्व की शुरुआत पर नगर के भीतर 25 से अधिक स्थानों पर भव्य पंडाल सजाए गए थे, जिनमें देवी प्रतिमाओं की स्थापना की गई थी। श्रद्धालुओं ने नौ दिनों तक माता के दरबार को अनूठे ढंग से सजाया और उनकी आराधना की।

सोमवार को रामनवमी का पर्व होने के कारण शाम 5 बजे से लेकर देर रात तक मूर्तियों के विसर्जन की तैयारियां चलती रहीं। इस दौरान भक्तों ने उत्साह के साथ पारंपरिक अनुष्ठान पूरे किए और बोए गए जवारों की विशेष पूजा-अर्चना की।

डीजे की धुनों और नाचते-गाते पहुंचे श्रद्धालु

माता रानी की प्रतिमाओं को छोटा हाथी, ट्रैक्टर-ट्रॉली और अन्य वाहनों पर आदर सहित विराजमान किया गया। युवा और महिलाएं डीजे की धार्मिक धुनों पर थिरकते और गाते हुए जुलूस के रूप में रानी तालाब पहुंचे, जिससे पूरा नगर भक्तिमय माहौल में रंग गया।