अंचल में अवैध उत्खनन और परिवहन के खिलाफ प्रशासनिक सख्ती लगातार जारी है। इसी क्रम में मुरैना जिले के देवपुरी बाबा जंगल क्षेत्र में रेत के अवैध परिवहन के लिए तैयार किए गए एक नए रास्ते को वन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने पूरी तरह से बंद कर दिया है।
बिहड़ क्षेत्र में नदी से रेत लाने के लिए बनाया था नया मार्ग
पुराने देवपुरी बाबा मंदिर के पास बिहड़ इलाके में नदी से अवैध रूप से निकाली जा रही रेत को बाहर ले जाने के लिए माफिया ने नया रास्ता तैयार किया था। जब प्रशासन ने पहले से इस्तेमाल हो रहे अन्य रास्तों को अवरुद्ध कर दिया, तब इस गुप्त मार्ग का उपयोग शुरू किया गया था।
मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस और वन विभाग के अमले ने तुरंत हरकत में आते हुए मौके का मुआयना किया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए वहां दो जेसीबी मशीनों को बुलवाया गया।
जेसीबी से खुदवाई गईं गहरी खंतियां
मौके पर पहुंची संयुक्त टीम ने दो जेसीबी मशीनों की मदद से रास्ते में कई स्थानों पर गहरी खंतियां खुदवा दीं। इस कार्रवाई के बाद मार्ग इस तरह से क्षतिग्रस्त हो गया कि अब वहां से रेत से भरे किसी भी वाहन का निकलना असंभव हो गया है।
वन विभाग के अधिकारियों ने दी जानकारी
वन विभाग के अधीक्षक श्याम सिंह चौहान ने इस संबंध में जानकारी साझा करते हुए बताया कि मुख्य मार्गों के बंद होने के बाद तस्करों ने देवपुरी बाबा के समीप जंगल से यह वैकल्पिक रास्ता निकाला था, जिसे अब नाकाम कर दिया गया है।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में अवैध गतिविधियों पर लगाम कसने के लिए निगरानी और गश्त बढ़ा दी गई है। वन विभाग की टीमें लगातार इलाकों पर नजर रख रही हैं और भविष्य में भी इस प्रकार की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!