अंबाह और पोरसा में अवैध शराब के खिलाफ मुखर हुआ संगठन

स्थानीय स्तर पर गैरकानूनी तरीके से बेची जा रही शराब के मामलों पर लगाम कसने के लिए भीम आर्मी के प्रतिनिधिमंडल ने कड़ा रुख अपनाया है। इसी सिलसिले में कार्यकर्ताओं ने एसडीओपी प्रशांत भदौरिया से प्रत्यक्ष भेंट की और इलाके में हो रहे इस अवैध कारोबार पर गहरी नाराजगी जताई।

घरेलू हिंसा और आपराधिक वारदातों में हो रहा इजाफा

संगठन के प्रतिनिधियों ने मुलाकात के दौरान स्पष्ट किया कि क्षेत्र के तमाम गांवों, नुक्कड़ों और रिहायशी मोहल्लों में अवैध शराब का धंधा धड़ल्ले से चल रहा है। इस लत के कारण आए दिन घरों में कलह, पति-पत्नी के बीच झगड़े और मारपीट जैसी घटनाएं आम हो चली हैं।

पदाधिकारियों का कहना है कि इस अवैध नशे के कारोबार के चलते चोरी, लूटपाट और हिंसक वारदातों का ग्राफ भी लगातार ऊपर जा रहा है। इसके प्रभाव से कई साधारण परिवार सामाजिक और आर्थिक बदहाली के कगार पर पहुंच गए हैं।

दुर्घटनाओं और आत्महत्याओं पर भी जताई गंभीर चिंता

भीम आर्मी ने केवल घरेलू विवादों तक ही सीमित न रहकर, शराब के कारण होने वाले सड़क हादसों, मूल्यवान जनहानि और आत्महत्या जैसी त्रासदियों पर भी अपनी गहरी चिंता व्यक्त की है। उनका मानना है कि समय रहते इस पर रोक नहीं लगी तो हालात और बदतर हो सकते हैं।

वार्ता के दौरान संगठन के सदस्यों ने अंबाह, पोरसा और महुआ थाना क्षेत्रों के अंतर्गत संचालित हो रहे अवैध मदिरा विक्रय केंद्रों की एक व्यापक और विस्तृत सूची प्रशासनिक अधिकारियों के सुपुर्द की है, जिसमें स्पष्ट रूप से उन गांवों तथा चौराहों के नाम दर्ज हैं जहां यह अवैध काम फल-फूल रहा है।