ग्वालियर से आई आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ यानी EOW की एक विशेष टीम ने मुरैना जिले के कैलारस नगर पालिका कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। यह कार्रवाई लगभग 1 करोड़ 41 लाख रुपए के वित्तीय अनियमितता और भ्रष्टाचार के मामले में दर्ज प्राथमिकी के सिलसिले में की गई है।

वर्ष 2020-21 के वित्तीय मामलों से जुड़ा है मामला

यह पूरा प्रकरण वर्ष 2020-21 के दौरान कैलारस नगर पालिका में हुए कार्यों से संबंधित है। स्थानीय निवासी रमेश उपाध्याय द्वारा पूर्व में इस कथित वित्तीय गड़बड़ी की शिकायत दर्ज कराई गई थी, जिसके आधार पर संबंधित पक्षों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी।

शिकायत में तत्कालीन मुख्य नगर पालिका अधिकारी (CMO) अतर सिंह रावत, संतोष सिहारे और संतोष शर्मा के अलावा लेखपाल लक्ष्मण नामदेव, स्टोर प्रभारी शिवकुमार तथा अन्य कर्मचारी देव प्रकाश शर्मा को आरोपी के तौर पर नामजद किया गया था।

दस्तावेजों और रिकॉर्ड्स की जब्ती

गुरुवार को दोपहर के वक्त इंस्पेक्टर मदन मोहन मालवीय के नेतृत्व में पांच सदस्यीय EOW दल ने नगर पालिका पहुंचकर छानबीन शुरू की। टीम ने कार्यालय से तत्कालीन सीएमओ, लेखा विभाग और स्टोर से जुड़े तमाम महत्वपूर्ण रजिस्टरों और फाइलों को अपने कब्जे में ले लिया है।

आगे होगी वैधानिक कार्रवाई

जांच दल का नेतृत्व कर रहे इंस्पेक्टर मदन मोहन मालवीय ने बताया कि जब्त किए गए दस्तावेजों का बारीकी से अध्ययन किया जा रहा है। रिकॉर्ड्स की जांच के निष्कर्षों के आधार पर इस मामले में आगे की कानूनी और विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।