ग्वालियर-चंबल अंचल के अंतर्गत आने वाले गुना जिले में इन दिनों किसानों को यूरिया और डीएपी जैसी खादों की किल्लत का सामना करना पड़ रहा है। अपनी इसी समस्या का समाधान कराने के लिए स्थानीय किसान बड़ी संख्या में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के पास पहुंचे। केंद्रीय मंत्री इन दिनों अपने चार दिवसीय दौरे पर गुना पहुंचे हुए हैं और वे स्थानीय स्तर पर जनता से रूबरू हो रहे हैं।

माला पहनाने से नहीं पेट भरेगा, किसानों ने बयां किया दर्द

गुरुवार की सुबह जब केंद्रीय मंत्री सर्किट हाउस में आम नागरिकों और किसानों से मुलाकात कर रहे थे, तभी पगारा और आसपास के ग्रामीण इलाकों से आए किसानों ने उन्हें अपनी परेशानी बताई। ऑनलाइन बुकिंग में आ रही दिक्कतों और खाद की कालाबाजारी से परेशान एक किसान ने अपनी व्यथा सुनाते हुए कहा कि उनकी पूरी जिंदगी नेताओं को मालाएं पहनाने में निकल गई, लेकिन आज तक समय पर खाद नसीब नहीं हो रहा है।

कलेक्टर को दिए निर्देश, डायरी में नोट किए जाएं नंबर

ठीक है नहीं, नोट करिए। पेन और पैड निकालिए और नोट करिए। मेरे साथ ड्यूटी पर हैं। मैं हर एक चीज नोट करता हूं, तो आप भी करिए।

किसानों की यह पीड़ा सुनकर केंद्रीय मंत्री ने तुरंत कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने मौके पर मौजूद जिला कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल को सख्त निर्देश दिए कि वे डायरी और पेन निकालकर सभी किसानों के नाम और उनके मोबाइल नंबर दर्ज करें। कलेक्टर की सामान्य प्रतिक्रिया पर सिंधिया ने दोटूक शब्दों में कहा कि औपचारिकता से काम नहीं चलेगा, बल्कि हर एक शिकायत को गंभीरता से कागज़ पर उतारा जाना चाहिए। इसके बाद प्रशासन हरकत में आया और तुरंत किसानों की जानकारी दर्ज की गई।

ऑनलाइन बुकिंग और पोर्टल की पारदर्शिता पर उठे सवाल

मुलाकात के दौरान किसानों ने पोर्टल की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने बताया कि जब वे खाद के लिए ऑनलाइन साइट खोलते हैं, तो कुछ ही पल में सभी टोकन बुक दिखा दिए जाते हैं, जिससे उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ता है। किसानों ने आशंका जताई कि इस ऑनलाइन व्यवस्था में कोई गड़बड़ी या पोर्टल से छेड़छाड़ की जा रही है। सिंधिया ने इन सभी बिंदुओं को नोट करवाते हुए उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया।

सर्किट हाउस में जनसुनवाई के बाद केंद्रीय मंत्री जिला अस्पताल पहुंचे। वहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के उपलक्ष्य में 'सेवा संकल्प अभियान' के तहत एक विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया था। सिंधिया ने शिविर में पहुंचकर रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन किया और इस नेक कार्य की सराहना करते हुए कहा कि रक्तदान से किसी की अमूल्य जान बचाई जा सकती है।