अग्रिम जमानत याचिका खारिज

गुना शहर के सिटी कोतवाली थाना अंतर्गत एक 25 वर्षीय महिला से जुड़े छेड़खानी और दुष्कर्म के मामले में आरोपी को कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। अदालत ने शुक्रवार को सुनवाई के बाद आरोपी की अग्रिम जमानत याचिका को खारिज कर दिया।

क्या है पूरा मामला

घटना 5 सितंबर की शाम की है। पीड़िता शहर की एक कॉलोनी में अपने बेटे के साथ किराए के मकान में रहकर पार्लर चलाती है। उसी मकान में उसकी सहेली शैफाली शाक्य भी किराए पर रहती है। शाम करीब छह बजे शैफाली से मिलने उसका परिचित गोलू रघुवंशी (विनेका) अपने साथी विवेक रघुवंशी के साथ आया था।

शिकायत के मुताबिक, कमरे में मौजूद ये लोग शराब पी रहे थे और आरोप है कि विवेक ने महिला को भी जबरन शराब पिलाई। कुछ देर बाद शैफाली और गोलू कमरे से बाहर चले गए, जिसके बाद कमरे में अकेले रह गए विवेक ने दरवाजा बंद कर महिला के साथ जबरदस्ती की और विरोध करने पर उसे जमीन पर गिरा दिया।

मारपीट और जान से मारने की धमकी

घटना के बाद जब पीड़िता ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराने की बात कही, तो आरोपी गोलू रघुवंशी ने उसे थप्पड़ मारे और पुलिस में जाने पर जान से खत्म करने की धमकी दी। इस दौरान बीच-बचाव करने महिला का परिचित अजय रघुवंशी वहां पहुंच गया था।

इस घटना से बेहद आहत होकर पीड़िता ने अपने पूर्व पति को मैसेज भेजा और आत्महत्या करने के इरादे से रेलवे स्टेशन पहुंच गई। हालांकि, पूर्व पति समय रहते पुलिस को लेकर रेलवे स्टेशन पहुंचा और उसे सुरक्षित थाने लेकर आया, जहां पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।

इस प्रकरण में आरोपी बस संचालक गोविंद रघुवंशी उर्फ गोलू विनेका की ओर से न्यायालय में अग्रिम जमानत के लिए अर्जी लगाई गई थी, जिसे कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद खारिज कर दिया।