गुना जिले के कैंट थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक निजी स्कूल में पढ़ाने वाले शिक्षक के साथ गंभीर मारपीट और अपहरण का वाकया सामने आया है। पीड़ित का कसूर सिर्फ इतना था कि वह स्कूल की ही एक अन्य शिक्षिका से बातचीत करता था। इस रंजिश के चलते आरोपियों ने उसे रास्ते में रोककर जबरन उठाया और बेरहमी से पीटा।

रास्ते में रोककर गाड़ी पर बैठाया

घटना 12 सितंबर की सुबह करीब साढ़े सात बजे की है। पीड़ित शिक्षक अपने कालापाठा कैंट स्थित घर से स्कूल जा रहा था। जब वह खेल अकादमी के पास पहुंचा, तो वहां पहले से मौजूद उमेश पाल और उसके साथियों ने उसकी गाड़ी रोक ली। आरोपियों ने युवती से बातचीत करने के पुराने विवाद को लेकर उससे पूछताछ शुरू कर दी और जबरन मोटरसाइकिल पर बीच में बैठाकर ले गए।

अलग-अलग स्थानों पर ले जाकर पीटा

शिकायत के अनुसार, आरोपी पीड़ित को पहले नई सड़क स्थित एक कॉम्प्लेक्स ले गए और वहां मारपीट की। इसके बाद उसे कार में डालकर बूढ़े बालाजी क्षेत्र के खेतों की तरफ ले जाया गया, जहां लाठी-डंडों और थप्पड़ों से उसकी पिटाई की गई। इस दौरान उसके जबरन कुछ बयान भी रिकॉर्ड किए गए।

घटनास्थल पर बाद में केशव पाल भी पहुंच गया। सभी ने मिलकर युवक के साथ जमकर मारपीट की, जिससे उसके शरीर पर गंभीर चोटें आईं। पिटाई के बाद आरोपी उसे प्रताप छात्रावास के पास ले गए। वहां से मौका पाकर पीड़ित ने अपने दोस्त को फोन किया और छोटे भाई को बुलाकर पूरी घटना की जानकारी दी।

पुलिस कार्रवाई और कोर्ट का फैसला

घटना के बाद पीड़ित ने कैंट थाने पहुंचकर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए उमेश पाल, भानू ओझा, करण लोधा, मुकुल चंदेल, विशाल पाल और केशव पाल के खिलाफ अपहरण और मारपीट समेत विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया।

इस मामले में मुख्य आरोपी उमेश पाल की ओर से अदालत में जमानत के लिए याचिका दाखिल की गई थी। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायालय ने आरोपी की जमानत अर्जी को खारिज कर दिया है।