गुना शहर में बुधवार को कांग्रेस पार्टी द्वारा एसआईआर के विरोध और स्थानीय जनसमस्याओं के मुद्दों को लेकर एक बड़ा पैदल मार्च निकाला गया। इस दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं ने शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचकर जोरदार नारेबाजी की।

जयवर्धन सिंह के नेतृत्व में हुआ प्रदर्शन

यह पूरा विरोध प्रदर्शन कांग्रेस जिला अध्यक्ष एवं राघौगढ़ विधायक जयवर्धन सिंह की अगुवाई में आयोजित किया गया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने सरकार और निर्वाचन आयोग के खिलाफ तीखी नाराजगी जाहिर की। खास बात यह रही कि विरोध जताने के लिए एक कार्यकर्ता विशेष रूप से गोरिल्ला की पोशाक पहनकर पहुंचा था, जिसके हाथ में एक अनोखा पोस्टर भी था।

मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने और गिरफ्तारी की मांग

कलेक्ट्रेट पहुंचने के बाद कांग्रेस नेताओं ने कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल के माध्यम से देश के राष्ट्रपति के नाम 12 सूत्रीय ज्ञापन प्रेषित किया। इस ज्ञापन में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को उनके पद से हटाने, उनकी गिरफ्तारी की कार्रवाई करने तथा उनके विरुद्ध आपराधिक मामला दर्ज किए जाने की पुरजोर मांग उठाई गई। इसके अलावा ईसीआईनेट की प्रक्रिया की जांच स्वतंत्र न्यायिक देखरेख में कराने की बात भी कही गई।

सभा को संबोधित करते हुए विधायक जयवर्धन सिंह ने गंभीर आरोप लगाए कि एसआईआर के माध्यम से देश के मूल निवासियों के नाम सूची से हटाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि दिल्ली से सीधे नाम काटने के लिए एक नया सॉफ्टवेयर इस्तेमाल किया गया, जबकि अन्य चुनाव आयुक्तों द्वारा इस पर कई बार आपत्तियां भी दर्ज कराई गई थीं।

मक्का का समर्थन मूल्य दिलाने की उठी मांग

प्रदर्शन के दौरान किसानों के हितों से जुड़े मुद्दों को भी प्रमुखता से उठाया गया। कांग्रेस ने केंद्र सरकार की घोषणा के अनुसार किसानों से मक्का 2410 रुपए प्रति क्विंटल के न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदने की मांग की। जयवर्धन सिंह ने मांग की कि किसानों को उनकी फसल का उचित दाम दिलाने के लिए नवंबर से जनवरी माह के बीच सरकारी खरीदी सुनिश्चित की जाए।

उन्होंने कहा कि केंद्र में कृषि विभाग की कमान शिवराज सिंह चौहान के पास है, इसलिए किसानों को घोषित समर्थन मूल्य दिलवाना सरकार की सीधी जिम्मेदारी है। प्रदर्शन के अंत में कांग्रेस नेताओं ने लोकतंत्र, वोट और खाद की उपलब्धता को लेकर सरकार से जवाब मांगा।