ग्वालियर-चंबल अंचल के गुना जिले में हाईवे पर कपल्स को अपना शिकार बनाने वाले एक खतरनाक गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि अन्य की तलाश जारी है। प्रारंभिक पूछताछ में इस बात का खुलासा हुआ है कि ये अपराधी हाईवे पर आने-जाने वाले नए जोड़ों को विशेष रूप से टारगेट करते थे।

वारदात को अंजाम देने का अनोखा और शातिर तरीका

पुलिस की जांच में सामने आया है कि इस गिरोह के काम करने का तरीका बेहद शातिर था। हाईवे पर नया कपल नजर आते ही गिरोह के दो सदस्य मोटरसाइकिल से उनका पीछा करना शुरू कर देते थे। इसके बाद वे वाहन में तकनीकी खराबी या टायर पंक्चर होने का बहाना बनाकर उन्हें रोक लेते थे। जैसे ही कपल रुकता, घात लगाकर आसपास छिपे अन्य साथी भी वहां पहुंच जाते थे।

गिरोह के सदस्यों ने योजना के तहत अपनी जिम्मेदारियां बांट रखी थीं। कुछ बदमाश हाईवे पर रेकी करते थे, जबकि बाकी लोग सुनसान इलाकों और जंगलों के पास छिपे रहते थे। इशारे मिलते ही वे चंद पलों में पीड़ितों को घेर लेते थे और उन्हें जबरन सड़क से दूर झाड़ियों व जंगल की तरफ खींच ले जाते थे।

लूटपाट के बाद करते थे गंभीर मारपीट और बर्बरता

जंगल में ले जाने के बाद ये अपराधी सबसे पहले पीड़ितों के पास मौजूद मोबाइल, नकदी और अन्य कीमती सामान छीन लेते थे। विरोध करने पर उनके साथ मारपीट की जाती थी। हाल ही में एक इंजीनियर और उसकी मंगेतर के साथ भी इसी तरह की वीभत्स घटना को अंजाम देने का प्रयास किया गया था।

गुरुवार की शाम जब पीड़ित अपनी मंगेतर के साथ हनुमान टेकरी से लौट रहे थे, तब गादेर गांव के पास इस गिरोह ने उन्हें रोक लिया। आरोपियों ने उन्हें जंगल में ले जाकर प्रताड़ित किया और युवती के साथ गंभीर अपराध की कोशिश की। गनीमत यह रही कि एक सतर्क राहगीर ने तुरंत डायल-112 पर पुलिस को सूचना दे दी, जिससे समय रहते पुलिस बल पहुंच गया और बड़ी अनहोनी टल गई।

24 घंटे के भीतर पुलिस की बड़ी सफलता

धरनावदा थाना पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय लोगों की मदद से महज एक दिन के भीतर गिरोह के पांच सदस्यों—बबलू, छोटू, सरदार, महेंद्र और दिनेश बंजारा को दबोच लिया। मुख्य आरोपी का आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया है। पुलिस अब अन्य फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए दबिश दे रही है।