मध्य प्रदेश के गुना जिले में स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन योजना-2026 के क्रियान्वयन में गंभीर उदासीनता सामने आई है। निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप कार्य पूरा न होने के कारण गुना जिला पूरे प्रदेश में पिछड़कर 54वें पायदान पर आ पहुंचा है। इस खराब प्रदर्शन को संज्ञान में लेते हुए जिला कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल ने प्रशासनिक स्तर पर बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है।
योजना के तहत एक भी रजिस्ट्री न होने से फिसला जिला
प्रशासनिक निर्देशों के मुताबिक, ग्रामीण क्षेत्रों में नागरिकों को उनके स्वामित्व के अधिकार अभिलेख दिलाने और उनकी रजिस्ट्री कराने की अहम जिम्मेदारी पटवारियों को सौंपी गई थी। हालांकि, गुना जिले में इस योजना के अंतर्गत एक भी रजिस्ट्री का कार्य पूरा नहीं किया जा सका। इसी का नतीजा है कि जिला रैंकिंग में लगातार नीचे गिरते हुए 54वें नंबर पर पहुंच गया।
पटवारियों ने पहले ही जता दिया था काम करने से इंकार
इससे पहले गत 15 सितंबर को जिले के पटवारियों ने एकजुट होकर जिला मुख्यालय पर ज्ञापन सौंपा था। इस दौरान उन्होंने स्वामित्व योजना के तहत कार्य करने से साफ इंकार कर दिया था। पटवारियों का तर्क था कि वे कर्तव्यों से पीछे नहीं हट रहे हैं, लेकिन यदि इस योजना में रजिस्ट्री का कार्य उनके जिम्मे किया जाता है, तो किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या कानूनी स्थिति में कार्रवाई का जोखिम भी उन्हीं पर आएगा।
जिला संघ अध्यक्ष समेत चार सस्पेंड और ट्रेनी पटवारियों को नोटिस
शासकीय कार्यों में इस प्रकार की मनमानी और लापरवाही बरतने के मामले में प्रशासन ने कड़ा एक्शन लिया है। जिला पटवारी संघ के अध्यक्ष महेंद्र किरार सहित कुल चार पटवारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। इसके अतिरिक्त, चार ट्रेनी पटवारियों को उनकी सेवा समाप्ति को लेकर आधिकारिक नोटिस जारी किए गए हैं, जिससे मैदानी अमले में हड़कंप मच गया है।
कार्रवाई के विरोध में सरकारी व्हाट्सएप ग्रुप छोड़े
कलेक्टर द्वारा की गई इस सख्त कार्रवाई की भनक लगते ही पटवारियों में रोष फैल गया। विरोध दर्ज कराने के उद्देश्य से पटवारियों ने मंगलवार रात को तमाम सरकारी व्हाट्सएप ग्रुप छोड़ दिए। निलंबित जिला पटवारी संघ के अध्यक्ष महेंद्र किरार ने बताया कि प्रशासन के इस एकतरफा फैसले का कड़ा विरोध किया जाएगा। उन्होंने जानकारी दी कि इस संबंध में बुधवार को जिला स्तर पर एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई है, जिसमें आगे की रणनीति तय करते हुए पूर्ण कलमबंद हड़ताल का ज्ञापन प्रशासन को सौंपा जाएगा।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!