अमेजन फ्रॉड नेटवर्क पर पुलिस का शिकंजा

गुना शहर के कैंट थाना क्षेत्र में ऑनलाइन ई-कॉमर्स कंपनी अमेजन के साथ धोखाधड़ी करने वाले गिरोह के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने ठगी के इस नेटवर्क से जुड़े मामलों की जांच करते हुए लगभग 17 लाख रुपये मूल्य के 17 नए स्मार्टफोन बरामद किए हैं। ये सभी मोबाइल फोन आरोपियों द्वारा स्थानीय दुकानदारों को बेचे गए थे, जिन्हें पुलिस ने अब अपने कब्जे में ले लिया है।

इस शातिर ठगी का तरीका यह था कि आरोपी अमेजन से महंगे मोबाइल ऑनलाइन मंगाते थे। इसके बाद वे कंपनी से रिफंड भी हासिल कर लेते थे और फोन को अपने पास ही रख छोड़ते थे। बाद में इन नए फोनों को बाजार में अलग-अलग दुकानदारों को कम कीमत पर बेच दिया जाता था। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर छापेमारी कर इन फोनों को दुकानदारों से जब्त किया है।

14 आरोपियों के खिलाफ दर्ज है मामला

पुलिस अधीक्षक हितिका वासल के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रशांत सिंह सुमन के मार्गदर्शन और प्रभारी सीएसपी आनंद राय के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई है। इस मामले में गत 2 सितंबर को कैंट थाने में कुल 14 आरोपियों के विरुद्ध अपराध क्रमांक 758/26 पंजीबद्ध किया गया था।

आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4), 319(2), 316(2), 61(2) के साथ-साथ आईटी एक्ट की धारा 66(C) और 66(D) के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस इस गिरोह के आर्थिक अपराधों और साइबर ठगी के तमाम पहलुओं की गंभीरता से जांच कर रही है।

रिमांड के दौरान खुलासे और बरामदगी

इससे पहले कैंट पुलिस ने मुख्य आरोपी शोखर मीना (निवासी ग्राम विलौदा) और तरुण शर्मा (निवासी साडा कॉलोनी राघौगढ़) को गिरफ्तार किया था। उनके पास से करीब 35 लाख रुपये की एक ईवी कार और लगभग 3 लाख रुपये के 3 मोबाइल फोन मिले थे। इसके बाद 6 सितंबर को पुलिस ने दो अन्य आरोपियों सुमित मीना (निवासी ग्राम लालोनी) और नमन शर्मा (निवासी बारां, राजस्थान) को भी दबोचा, जिन्हें अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया गया था।

रिमांड अवधि के दौरान आरोपियों से हुई पूछताछ के आधार पर पुलिस ने बाजार में खपाए गए 17 नए मोबाइल फोन बरामद किए हैं। पुलिस का कहना है कि इस गिरोह के बाकी फरार सदस्यों की तलाश भी तेजी से जारी है और तकनीकी साक्ष्यों के जरिए अन्य संलिप्त लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।