गुना जिले के बमोरी अंतर्गत आने वाले उकावद कलां गांव में पिछले पांच दिनों से नल-जल योजना पूरी तरह से बंद पड़ी हुई है। पंचायत द्वारा लगभग ढाई लाख रुपये का बिजली बिल समय पर जमा न किए जाने के कारण विद्युत विभाग ने सख्त कदम उठाते हुए कनेक्शन काट दिया है।

120 घरों की जलापूर्ति ठप, एक हैंडपंप बना सहारा

बिजली का कनेक्शन कटने से गांव के करीब 120 घरों में पानी की सप्लाई पूरी तरह से ठप हो चुकी है। ग्रामीणों को पीने के पानी के साथ-साथ कपड़े धोने, खाना बनाने, नहाने और अपने मवेशियों के लिए पानी का इंतजाम करने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पूरे गांव में सिर्फ एक ही हैंडपंप चालू हालत में बचा है, जिस पर अब भारी भीड़ जुट रही है।

फसल कटाई के सीजन में पानी के लिए भटक रहे ग्रामीण

स्थानीय निवासी रामू शर्मा, जगदीश धाकड़, गिर्राज धाकड़, नवल केबल, रमेश ओझा, सोनू धाकड़ और मोहन प्रसाद धाकड़ ने बताया कि इस समय खेतों में फसल कटाई का दौर शुरू हो चुका है। ऐसे में पानी की गंभीर किल्लत के कारण उन्हें मजदूरी पर जाने के बजाय घंटों पानी जुटाने में ही अपना समय गंवाना पड़ रहा है।

ग्रामीणों का यह भी कहना है कि उनसे हर साल नल-जल योजना के नाम पर 1200 रुपये की वसूली की जाती है, इसके बावजूद उन्हें यह बुनियादी सुविधा नहीं मिल पा रही है। रघुवीर अहिरवार, भरोसा अहिरवार, बद्री अहिरवार, जगदीश अहिरवार, सोम आदिवासी, गणेशाराम अहिरवार और गुरु आदिवासी सहित अन्य लोगों ने आरोप लगाया कि पंचायत सचिव इस गंभीर समस्या पर कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे रहे हैं और इन दिनों गांव में भी नजर नहीं आ रहे हैं।

पंचायत सचिव ने जल्द कनेक्शन जुड़वाने का दिया भरोसा

बिजली विभाग ने बिल बकाया होने की वजह से कनेक्शन काट दिया है। कल तक बिल जमा कर कनेक्शन जुड़वा कर सप्लाई चालू कर दी जाएगी। - टीटानिया सिंह बारेला, पंचायत सचिव, उकावद कलां

पांच दिन बीत जाने के बाद भी स्थानीय स्तर पर पानी की कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि इस पूरे मामले की उचित जांच कराई जाए और बकाया राशि का भुगतान करवाकर जल्द से जल्द जलापूर्ति को सुचारू किया जाए ताकि उनकी रोजमर्रा की परेशानियां खत्म हो सकें।