ग्वालियर-चंबल अंचल के दतिया जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां सोमवार दोपहर को टाउनहॉल के नजदीक एक व्यक्ति का पैर नाली पर लोहे की जाली में बुरी तरह फंस गया। गनीमत यह रही कि आसपास के लोगों की सूझबूझ से एक बड़ा हादसा टल गया और पीड़ित को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।

शौचालय जाते वक्त रास्ते में हुआ हादसा

घटना की जानकारी देते हुए स्थानीय लोगों ने बताया कि बड़े बाजार में स्थित बंटी अग्रवाल की 'अग्रवाल बर्तन' दुकान पर एक कर्मचारी काम करता है। सोमवार दोपहर लगभग तीन बजे वह टाउनहॉल के समीप स्थित सुलभ शौचालय की तरफ जा रहा था, तभी रास्ते में नाली पर लगी जाली के बीच उसका पैर अचानक से जा फंसा।

पैर गहराई तक फंसने के कारण वह चाहकर भी खुद को बाहर नहीं निकाल पा रहा था और दर्द से बुरी तरह तड़पने लगा। उसकी चीख-पुकार सुनकर आसपास के दुकानदार और राहगीर तुरंत उसकी मदद के लिए दौड़ पड़े।

कटर मशीन मंगवाकर काटी गई जाली

हालात की गंभीरता को देखते हुए मौके पर मौजूद लोगों ने बिना समय गंवाए एक कटर मशीन का इंतजाम किया। इसके बाद बड़ी सावधानी के साथ लोहे की जाली के हिस्से को काटा गया। करीब की मशक्कत के बाद आखिरकार कर्मचारी का पैर जाली से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।

नगर पालिका की व्यवस्थाओं पर भड़के लोग

इस घटना के बाद से स्थानीय व्यापारियों और निवासियों में नगर पालिका प्रशासन के खिलाफ भारी गुस्सा देखने को मिल रहा है। लोगों का आरोप है कि यह नाली की जाली काफी समय से जर्जर और टूटी हुई हालत में पड़ी थी, जिसकी सूचना कई बार अधिकारियों को दी गई थी, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।

क्षेत्रवासियों का कहना है कि यह दुर्घटना दिन के वक्त हुई इसलिए समय पर मदद मिल गई। यदि इस तरह का हादसा रात के समय होता या किसी बच्चे या बुजुर्ग के साथ पेश आता, तो परिणाम बहुत घातक हो सकते थे। स्थानीय दुकानदारों ने अब नगर पालिका से शहरभर के नालों की जातियों को तत्काल दुरुस्त कराने की सख्त मांग की है।