ग्वालियर-चंबल अंचल के भितरवार कस्बे में सोमवार को खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। स्थानीय स्तर पर हो रही मिलावट की शिकायतों को दरकिनार किए जाने के बाद, सीधे सीएम हेल्पलाइन पर की गई शिकायत पर यह औचक छापा मारा गया।
सीएम हेल्पलाइन पर की गई थी शिकायत
भितरवार के स्थानीय निवासी बिल्लू पठान द्वारा कुछ दिन पूर्व सीएम हेल्पलाइन 181 पर दूध में मिलावट का गंभीर आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई गई थी। शिकायतकर्ता का कहना था कि क्षेत्रीय स्तर पर बार-बार गुहार लगाने के बावजूद जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया था। जब यह मामला उच्च स्तर पर पहुंचा, तो प्रशासन हरकत में आया।
ग्वालियर से पहुंची टीम ने की दबिश
शिकायत का संज्ञान लेते हुए ग्वालियर से खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों का दल तुरंत भितरवार रवाना हुआ। इस टीम में सतीश शर्मा, गोविंद सरगैया और सतीश धाकड़ शामिल रहे। अधिकारियों ने सीधे बजरंग दूध डेयरी पर पहुंचकर वहां रखे उत्पादों की जांच की और डेयरी से दूध, दही, पनीर तथा घी के नमूने सुरक्षित किए।
एकत्र किए गए सभी नमूनों को नियमों के तहत सील बंद कर दिया गया है, जिन्हें अब विस्तृत परीक्षण के लिए राज्य की प्रयोगशाला में भेजा जा रहा है।
कार्रवाई की भनक लगते ही व्यापारियों में मचा हड़कंप
खाद्य विभाग की इस अचानक हुई कार्रवाई की खबर जैसे ही स्थानीय बाजार में फैली, दुकानदारों और व्यापारियों में हड़कंप मच गया। कई मिठाई विक्रेताओं और किराना दुकानदारों ने अपनी दुकानें धड़ाधड़ बंद कर दीं। अधिकारी सतीश शर्मा ने स्पष्ट किया कि मुख्य शिकायत बजरंग डेयरी को लेकर थी, इसलिए वहां सबसे पहले नमूने लिए गए।
विभाग की इस सख्ती से मिलावटखोरों में खलबली मच गई है। अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि आगामी त्योहारों के सीजन को देखते हुए मिलावट के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और प्रयोगशाला की जांच रिपोर्ट में नमूने अमानक मिलने पर संबंधित संचालक के खिलाफ कड़े कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!