अंधेरे में खनिज विभाग की औचक दबिश
डबरा के बिलौआ क्रेशर मार्केट क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम रफादपुर में खनिज विभाग की टीम ने अवैध पत्थर उत्खनन के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। खनिज निरीक्षक रमाकांत तिवारी के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई, जब अमले ने बीती देर रात अचानक मौके पर दबिश दी।
खसरा नंबर 151/02 पर चल रहा था अवैध खनन
खनिज निरीक्षक रमाकांत तिवारी अपने दल के साथ देर रात करीब 12:10 बजे ग्राम रफादपुर के खसरा क्रमांक 151/02 पर पहुंचे। वहां एक्सवेटर और डंपर की मदद से पत्थर का अवैध उत्खनन किया जा रहा था। जांच के दौरान कुल 1566 घन मीटर खनिज पत्थर का अवैध उत्खनन पकड़ा गया, जिसे अधिकारियों ने रिकॉर्ड में लिया।
कार्रवाई के दौरान मौके से तीन वाहनों को जब्त किया गया। सभी जब्त वाहनों को सुरक्षित रूप से बिलौआ थाने में रखवाया गया है और इस मामले में पुलिस थाना बिलौआ में चोरी का प्रकरण दर्ज कराया गया है।
लाखों रुपये की पेनल्टी और नोटिस जारी
इस अवैध उत्खनन में संलिप्त पाए गए 6 आरोपियों के खिलाफ कुल 23 लाख 49 हजार रुपए की पेनल्टी प्रस्तावित की गई है। पकड़े गए खनिज की मूल रॉयल्टी राशि 78,300 रुपए थी, जिस पर नियमों के तहत रॉयल्टी की 15 गुना अर्थशास्ति यानी 11,74,500 रुपए तय की गई।
इसके अतिरिक्त पर्यावरण को हुए नुकसान के एवज में भी इतनी ही यानी 11,74,500 रुपए की राशि क्षतिपूर्ति के रूप में जोड़ी गई। इस प्रकार कुल 23,49,000 रुपए का जुर्माना निर्धारित करते हुए आरोपियों को राशि जमा कराने के वास्ते नोटिस जारी किए गए हैं।
निगरानी व्यवस्था पर खड़े हो रहे हैं सवाल
अदालत के आदेशानुसार बिलौआ क्रेशर मार्केट की 16 खदानों पर रोक लगाने और अवैध उत्खनन व परिवहन पर पूरी तरह रोक लगाने के निर्देश दिए गए थे। इन आदेशों के पालन में क्षेत्र की आठ चेकपोस्टों पर चौबीसों घंटे कर्मचारियों की तैनाती भी की गई है।
इसके बावजूद धरातल पर अवैध उत्खनन का सिलसिला थम नहीं रहा है। खनिज निरीक्षक को रात में खनन होता मिला और शनिवार को एसडीएम के पास भी अवैध उत्खनन की शिकायत पहुंची, जिससे प्रशासनिक निगरानी की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!