भिंड जिले में अधिक मुनाफे और राशि दोगुनी करने का झांसा देकर लोगों की गाढ़ी कमाई हड़पने का एक और बड़ा मामला सामने आया है। कुछ समय पहले एलजीसीसी कंपनी का कार्यालय बंद होने से निवेशकों को भारी झटका लगा था, और अब ऑरोरा एक्स ऐप के जरिए लोगों के साथ धोखाधड़ी किए जाने की बात सामने आ रही है।
पिछले दो दिनों में पहुंचीं छह शिकायतें
ऑरोरा एक्स ऐप में निवेश करने वाले स्थानीय लोगों का कहना है कि 14 अक्टूबर से उनका भुगतान पूरी तरह से अटका हुआ है। कंपनी की तरफ से ऐप में तकनीकी सुधार और अपडेट का बहाना बनाकर लगातार नई तारीखें दी जा रही हैं। स्थिति यह है कि पिछले महज दो दिनों के भीतर छह पीड़ित लोग अपनी शिकायत लेकर पुलिस तक पहुंच चुके हैं।
हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इस कंपनी ने कुल कितने निवेशकों से कितनी बड़ी रकम ऐंठी है। पुलिस प्रशासन ने प्राप्त शिकायतों के आधार पर पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है, ताकि इस ऑनलाइन ठगी के नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।
शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक फैलाया गया था जाल
छह महीने के भीतर ही ऑरोरा एक्स का नेटवर्क भिंड शहर के अलावा अटेर, मेहगांव, गोहद, गोरमी, अमायन, रौन और लहार जैसे कई ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में गहराई तक फैल गया था। स्थानीय एजेंटों के माध्यम से लोगों को कम समय में ज्यादा मुनाफा कमाने का लालच दिया गया, जिसके चलते कई लोगों ने अपनी छोटी-बड़ी पूंजी इस ऐप में लगा दी।
शुरुआत में निवेशकों को कुछ लाभ भी दिखाया गया, जिससे उनका भरोसा बढ़ गया और उन्होंने और अधिक निवेश कर दिया। लेकिन 14 अक्टूबर के बाद से जब राशि निकालना चाहा, तो तकनीकी समस्याओं का हवाला देकर रोक लगा दी गई। कंपनी ने पहले 18 अक्टूबर और फिर 22 अक्टूबर तक भुगतान शुरू होने का भरोसा दिया था, लेकिन वादे पूरे नहीं हुए।
एलजीसीसी के बाद एक बार फिर निवेशकों में चिंता
स्थानीय स्तर पर कंपनी से जुड़े लोग अभी भी निवेशकों को पैसे वापस मिलने का झांसा दे रहे हैं और उन्हें पुलिस के पास न जाने की सलाह दे रहे हैं। शहर में कंपनी के प्रचार के लिए लगाए गए बैनर और होर्डिंग भी अब धीरे-धीरे हटाए जाने लगे हैं, जिससे निवेशकों की चिंता और अधिक गहरी हो गई है।
गौरतलब है कि करीब एक साल पहले एलजीसीसी कंपनी का कार्यालय बंद होने के दौरान भी ऐसा ही बड़ा मामला सामने आया था, जिसमें 80 करोड़ रुपये से अधिक के कारोबार की बात कही गई थी। उस दौरान कुछ लोगों पर एफआईआर भी दर्ज हुई थी, लेकिन अब ऑरोरा एक्स ने एक बार फिर जिले के निवेशकों के माथे पर चिंता की लकीरें खींच दी हैं।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!