देश में आरक्षण व्यवस्था में बदलाव और आर्थिक स्थिति के आधार पर आरक्षण दिए जाने की मांग लगातार जोर पकड़ रही है। इसी क्रम में आगामी 25 अक्टूबर को राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक बड़े शांतिपूर्ण आंदोलन का आयोजन किया जाएगा, जिसकी तैयारियों को लेकर भिंड में रूपरेखा तैयार की जा रही है।
शहर के मैरिज गार्डन में हुई बैठक
आंदोलन की तैयारियों को अंतिम रूप देने के उद्देश्य से गुरुवार को भिंड शहर के जगदीश मैरिज गार्डन में स्थानीय नागरिकों और सवर्ण समाज के सदस्यों की एक बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में आगामी प्रदर्शन की रणनीतियों पर विस्तार से चर्चा की गई और अधिक से अधिक लोगों को दिल्ली पहुंचने के लिए प्रेरित किया गया।
पिछली कार्रवाई का किया गया जिक्र
बैठक के दौरान हर्ष दुबे ने जानकारी देते हुए बताया कि इससे पहले 21 अगस्त 2026 को भी जंतर-मंतर पर आरक्षण प्रणाली में सुधार की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया जा चुका है। उनके अनुसार, उस दिन शाम के वक्त पुलिस प्रशासन ने सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों का हवाला देकर प्रदर्शन स्थल को पूरी तरह खाली करवा लिया था।
हर्ष दुबे ने आरोप लगाया कि पिछली बार आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों को खान-पान की वस्तुएं तक प्राप्त करने में भारी असुविधा का सामना करना पड़ा था। उन्होंने यह भी दावा किया कि कई लोगों को प्रदर्शन स्थल से 10 से 15 किलोमीटर दूर ले जाकर छोड़ा गया था।
25 अक्टूबर को फिर से शांतिपूर्ण प्रदर्शन
पुरानी बाधाओं के बावजूद आयोजकों के तेवर ठंडे नहीं पड़े हैं। हर्ष दुबे ने स्पष्ट किया कि आरक्षण नियमों में सुधार और आर्थिक मानदंडों पर आधारित आरक्षण की पुरानी मांग को लेकर 25 अक्टूबर को एक बार फिर जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण तरीके से आवाज उठाई जाएगी और सरकार तक अपनी बात पहुंचाई जाएगी।
इस सिलसिले में परशुराम सेना के जिलाध्यक्ष देवेश शर्मा ने बताया कि इस आगामी आंदोलन में केवल भिंड जिले से ही एक हजार से अधिक लोगों के शामिल होने की पूरी संभावना है। गुरुवार को हुई इस बैठक में समाज के कई अन्य प्रमुख लोग और सदस्य भी उपस्थित रहे।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!