भिंड के प्रमुख बाजारों में डेढ़ सौ से अधिक दुकानदारों द्वारा फुटपाथ पर अवैध रूप से कब्जा जमाए जाने की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। इसके बावजूद सोमवार को नगर पालिका की तरफ से चलाई गई यह मुहिम चुनिंदा इलाकों तक ही सीमित नजर आई।
खंडा रोड पर चली जेसीबी, नाले के ऊपर बने शेड और चबूतरे हटाए
सोमवार शाम लगभग चार बजे नगर पालिका के मुख्य नगरपालिका अधिकारी वीरेंद्र चक्रवर्ती पुलिस और राजस्व अमले के साथ जेसीबी व लोडिंग ट्रैक्टर लेकर खंडा रोड पहुंचे। भारी मशीन को देखकर वहां दुकानदारों में खलबली मच गई। अमले ने नाले के ऊपर अतिक्रमण कर बनाए गए पक्के चबूतरों और शेड को बुलडोजर से तुड़वा दिया। इस दौरान कुछ दुकानदारों ने प्रशासनिक कार्रवाई का विरोध भी जताया, लेकिन अधिकारियों ने सख्ती दिखाते हुए अपना काम जारी रखा।
सब्जी मंडी रोड पर वसूला गया जुर्माना, राहगीरों को हो रही परेशानी
खंडा रोड की कार्रवाई के बाद सीएमओ अपने दल के साथ रेलवे स्टेशन स्थित सब्जी मंडी रोड पर पहुंचे। यहां फुटपाथ पर दुकान सजाने वाले दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए कुल सात चालान काटे गए और चौदह सौ रुपए की राशि बतौर जुर्माना वसूली गई। मुख्य बाजारों से लेकर अन्य मार्गों तक अतिक्रमण होने के कारण राहगीरों को पैदल चलने के लिए मजबूरन सड़क पर उतरना पड़ता है, जिससे कई बार यातायात भी बाधित होता है।
कार्रवाई के दायरे और बड़े दुकानदारों की भूमिका पर उठे सवाल
नगर पालिका का अमला दोनों बाजारों में करीब डेढ़ घंटे तक सक्रिय रहा, लेकिन डेढ़ सौ से ज्यादा अतिक्रमणकारियों में से केवल कुछ ही जगहों पर कार्रवाई हो सकी। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि कई बड़े व्यापारी अपने आगे का फुटपाथ किराए पर देकर छोटे दुकानदारों को बैठाते हैं और उनसे रोजाना वसूली करते हैं। लोगों का कहना है कि सिर्फ छोटे दुकानदारों पर कार्रवाई करने से इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं निकल सकता।
वहीं, सीएमओ वीरेंद्र चक्रवर्ती ने स्पष्ट किया है कि शहर को अस्थायी कब्जों से मुक्त कराने का यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर शिकंजा कसा जाएगा।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!