भिंड जिले के दबोह थाना क्षेत्र में शराब ठेके पर उधारी देने से मना करने पर दबंगों का दुस्साहस सामने आया है। मुफ्त या उधारी में शराब न मिलने से गुस्साए दो युवक हथियार लेकर सीधे मैनेजर के ऑफिस और आवास में जा धमके।
स्कॉर्पियो से आए थे आरोपी, गेट पर मारी लात
घटना 9 अक्टूबर की रात करीब 11:45 बजे की है। पीड़ित मैनेजर रवि शिवहरे अपने किराए के मकान की छत पर मौजूद था, तभी अमित यादव और जीतू राजावत काले रंग की स्कॉर्पियो गाड़ी से वहां पहुंचे। आरोप है कि अमित के हाथ में बंदूक थी और जीतू के पास भी लाइसेंसी हथियार था। दोनों ने मकान के मुख्य दरवाजे पर लात मारकर अंदर प्रवेश किया।
उस समय अंदर रसोइया दुर्जन सिंह खाना खा रहा था। आरोपियों ने विरोध करने पर उसके साथ गाली-गलौज और मारपीट की। शोर शराबा सुनकर जब मैनेजर रवि नीचे आया, तो आरोपियों ने उसके साथ भी हाथापाई शुरू कर दी।
बंदूक के बट से किया हमला, कान का पर्दा फटा
शिकायत के अनुसार, जीतू राजावत ने मैनेजर रवि को लात-घूंसों से पीटा, जबकि अमित यादव ने जान से मारने की नीयत से बंदूक के बट से उसके दाहिने कान के पीछे जोरदार वार कर दिया। इस हमले में रवि गंभीर रूप से घायल हो गया और उसके कान का पर्दा फट गया।
घटना के दौरान वहां पहुंचे सेल्समैन रघुनाथ राजावत और अभिषेक शिवहरे ने बीच-बचाव कर किसी तरह उनकी जान बचाई। जाते-जाते आरोपियों ने मैनेजर का मोबाइल छीन लिया और ठेकेदार को गालियां देते हुए पुलिस में शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी दी।
पुलिस ने दर्ज की एफआईआर
पीड़ित पक्ष का कहना है कि आरोपी अमित यादव को उधारी पर शराब देना बंद कर दिया गया था और उसकी गाड़ी भी क्लोज की जा रही थी। इस पूरे विवाद की जानकारी पहले ही दबोह थाना प्रभारी को दे दी गई थी। इसके बावजूद बदमाशों के हौसला बुलंद रहे और उन्होंने घर में घुसकर वारदात को अंजाम दिया।
मामले का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस हरकत में आई है। स्थानीय पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर आरोपी अमित यादव और जीतू राजावत के खिलाफ सुसंगत धाराओं में एफआईआर दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!