भिंड जिले की आलमपुर और लहार तहसील में आखिरकार सोमवार को मानसून का आगमन हो गया। सुबह से ही आसमान में घने बादल छाए रहे और कुछ ही देर बाद शुरू हुई रिमझिम बारिश ने पिछले कई दिनों से जारी भीषण गर्मी और उमस से जूझ रहे लोगों को बड़ी राहत प्रदान की।

सोमवार की सुबह से ही बादलों ने पूरे क्षेत्र को घेर रखा था। कुछ समय बाद हल्की बारिश शुरू हुई, जो लगभग छह घंटे तक जारी रही और पूरे इलाके को भिगो दिया। इस बारिश के कारण तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों को चिपचिपी गर्मी से मुक्ति मिली। बारिश के चलते सड़कें और बाजार भी कुछ समय के लिए सूने दिखाई दिए।

खरीफ फसलों को मिला जीवनदान

इस मानसूनी बारिश से क्षेत्र के किसानों को सर्वाधिक लाभ पहुंचा है। बाजरा, मूंग और अन्य खरीफ फसलों की बुवाई पहले ही हो चुकी थी, लेकिन पर्याप्त वर्षा न होने के कारण खेतों में नमी का स्तर काफी कम हो गया था। इससे फसलों के सूखने और खराब होने की आशंका लगातार बढ़ रही थी। सोमवार की बारिश ने खेतों में फिर से पर्याप्त नमी लौटा दी है, जिससे फसलों की पैदावार बेहतर होने की उम्मीदें जग गई हैं।

कृषि विशेषज्ञों के अनुसार, यह बारिश कृषि कार्यों के लिए अत्यंत लाभदायक मानी जा रही है। पर्याप्त नमी मिलने से खरीफ फसलों को एक नई संजीवनी मिलने की उम्मीद है। किसानों का कहना है कि यदि अगले कुछ दिनों तक इसी तरह वर्षा होती रही, तो फसलों की स्थिति और भी बेहतर हो जाएगी।

धान उत्पादक किसानों की दूर हुई मायूसी

पिछले दस दिनों से बारिश न होने के कारण धान की फसल करने वाले किसानों में छाई मायूसी भी अब दूर हो गई है। उन्हें भी अपनी फसलों के लिए अनुकूल मौसम की उम्मीद है।