कलेक्ट्रेट पहुंचे बच्चों के मामले में हुई थी कार्रवाई

अशोकनगर में प्राथमिक शाला क्रमांक 1 के छोटे बच्चों द्वारा सीएम राइज स्कूल में मर्जर का विरोध करते हुए 19 अगस्त को ऑटो से कलेक्ट्रेट पहुंचने का मामला प्रशासनिक स्तर पर काफी चर्चा में रहा था। इस घटना के बाद शासन स्तर पर कड़ा कदम उठाते हुए संबंधित विद्यालय के तीन शिक्षकों को निलंबित कर दिया गया था।

ताले में बंद मिले शौचालय, जंग ने खोली दावों की पोल

शिक्षकों के निलंबन के बाद जब मीडिया टीम ने विद्यालय परिसर की जमीनी हकीकत जानने के लिए पड़ताल की, तो प्रशासनिक व्यवस्थाओं के दावे खोखले साबित हुए। स्कूल परिसर में विद्यार्थियों के लिए बनाए गए एक शौचालय पर ताला लटका हुआ मिला। ताले पर जमी जंग की मोटी परत इस बात की गवाही दे रही थी कि निर्माण कार्य पूरा होने के बाद से इस टॉयलेट को एक बार भी उपयोग के लिए नहीं खोला गया है, जिससे बच्चे बुनियादी सुविधा से वंचित हैं।

असामाजिक तत्वों का अड्डा बना पुराना शौचालय

विद्यालय परिसर में बना दूसरा पुराना शौचालय और टॉयलेट भी बेहद खराब और दयनीय स्थिति में मिला। साफ-सफाई के अभाव और चारों तरफ फैली गंदगी के कारण इस जगह को असामाजिक तत्वों और नशेड़ियों ने अपना नया ठिकाना बना लिया है।

मौके पर नशा करने में इस्तेमाल होने वाली इस्तेमालशुदा सिरिंज और इंजेक्शन परिसर में जगह-जगह बिखरे पड़े मिले। इसके अलावा नशे में प्रयुक्त होने वाली कफ सिरप और अन्य दवाइयों की खाली शीशियां भी मौके पर फेंकी हुई पाई गईं, जो छात्रों की सुरक्षा और माहौल पर बड़ा सवालिया निशान लगाती हैं।

इस पूरे मामले और स्कूल की बदहाल व्यवस्थाओं को लेकर जब बीआरसीसी महेश साहू से जानकारी ली गई, तो उन्होंने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वे अगले ही दिन संबंधित विद्यालय के शौचालयों और वहां की व्यवस्थाओं का निरीक्षण करवाएंगे।