शिवपुरी जिले के पिछोर विधानसभा क्षेत्र में मूर्तियों को क्षतिग्रस्त करने और नई प्रतिमाएं स्थापित किए जाने का क्रम लगातार जारी है। शनिवार की रात खनियाधाना थाना क्षेत्र के अंतर्गत लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर की प्रतिमा को अज्ञात उपद्रवियों द्वारा खंडित किए जाने का मामला सामने आया है।
दो साल में दूसरी बार मूर्ति को पहुंचाया गया नुकसान
शोभाराम पाल ने जानकारी देते हुए बताया कि सांदीपनि स्कूल के समीप स्थापित अहिल्याबाई होल्कर की यह मूर्ति लगभग दो वर्ष पूर्व लगाई गई थी। यह दूसरी बार है जब असामाजिक तत्वों ने इस मूर्ति को निशाना बनाकर खंडित किया है। इससे पहले भी इस प्रतिमा को नुकसान पहुंचाया गया था।
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जब समाज के लोग मौके पर पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि मूर्ति के हाथ में मौजूद शिवलिंग और तलवार टूटे हुए नीचे पड़े हैं। कम समय में मूर्ति के दोबारा क्षतिग्रस्त होने से स्थानीय पाल समाज के लोगों में प्रशासन के प्रति गहरा गुस्सा है।
वीरांगना अवंतीबाई की प्रतिमाएं स्थापित और रानी की जयंती
एक तरफ जहां मूर्ति टूटने से रोष है, वहीं दूसरी ओर खोड़ चौकी क्षेत्र के बूधौन गांव में वीरांगना रानी अवंतीबाई लोधी की प्रतिमा स्थापित की गई है। इसके अलावा मायापुर थाना क्षेत्र के पड़ौरा गांव में भी रानी अवंतीबाई लोधी का एक छायाचित्र बड़े लोहे के फ्रेम पर लगाया गया है।
घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय ग्रामीण और समाज के लोग तुरंत मौके पर एकत्र हो गए। उन्होंने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि इस कृत्य में शामिल असामाजिक तत्वों की जल्द पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए और क्षतिग्रस्त मूर्ति को दोबारा पूरी प्रतिष्ठा के साथ स्थापित किया जाए।
प्रशासन मुस्तैद, तीनों स्थानों पर बढ़ाई गई निगरानी
मूर्ति खंडित होने और नई प्रतिमाएं स्थापित होने के बाद पुलिस तथा प्रशासन तीनों ही स्थानों पर पूरी तरह मुस्तैद है। अधिकारियों का मुख्य प्रयास क्षेत्र में किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति या तनाव को फैलने से रोकना है।
गौरतलब है कि हाल ही में पड़ोसी चंदेरी विधानसभा क्षेत्र में मूर्ति हटाने को लेकर विवाद और तनाव की स्थिति बन चुकी है। इसी को ध्यान में रखते हुए पिछोर क्षेत्र में हुई इन ताजा घटनाओं के बाद प्रशासनिक अमला पूरी तरह सतर्क होकर स्थिति पर नजर बनाए हुए है।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!