शिवपुरी जिले के उमरीकला गांव में प्रशासन की कथित अनदेखी और सरकारी रास्तों पर कब्जे से परेशान ग्रामीण अब उग्र हो गए हैं। गुरुवार सुबह इसी मांग को लेकर दो ग्रामीण एक मोबाइल टॉवर पर जा चढ़े, जिससे स्थानीय प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया।
बनियापुरा मजरे के निवासियों की है समस्या
मोबाइल टावर पर चढ़ने वाले ग्रामीणों की पहचान रामदास लोधी और रामनाथ लोधी के रूप में हुई है। रामदास लोधी ने फोन के माध्यम से जानकारी दी कि उनके बनियापुरा मजरे में लगभग 25 परिवार निवास करते हैं। मजरे से बाहर आवागमन के लिए दो सरकारी रास्ते तय किए गए थे, जिन पर स्थानीय खेत मालिकों ने अवैध कब्जा कर रखा है।
अधिकारियों से गुहार के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई
ग्रामीणों का आरोप है कि इस रास्ते के अवरुद्ध होने से उनका बाहर निकलना दूभर हो गया है। रामदास लोधी के मुताबिक, इस मामले की शिकायत वे तहसीलदार, एसीएम और कलेक्टर तक से कर चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद प्रशासनिक स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ लोगों की मिलीभगत से एक सरकारी रास्ते को आधिकारिक दस्तावेजों से ही गायब करवा दिया गया है, और उनके पास इस गड़बड़ी के पर्याप्त साक्ष्य भी मौजूद हैं।
टावर पर चढ़े और सड़क पर कर दिया जाम
गुरुवार सुबह करीब 9 बजे रामदास और रामनाथ अपनी मांगों को मनवाने के लिए मोबाइल टावर पर जा पहुंचे। दोनों ने दो टूक कह दिया है कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होगी, वे नीचे नहीं उतरेंगे। इस घटना के समर्थन में बड़ी संख्या में ग्रामीण सड़क पर उतर आए और वहां जाम लगा दिया।
घटना की जानकारी मिलते ही भौंती थाना पुलिस मौके पर पहुंची और टावर पर चढ़े लोगों को समझाने का प्रयास शुरू किया। वहीं, तहसीलदार शिवशंकर गुर्जर ने बताया कि वे घटनास्थल की ओर रवाना हो चुके हैं और जल्द ही मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों से चर्चा करेंगे।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!