पक्की सड़क के अभाव में मूलभूत सुविधाओं से जूझ रहा पारगढ़

चांचौड़ा जनपद पंचायत के तहत आने वाली कुंभराज तहसील से सिर्फ तीन किलोमीटर की दूरी पर स्थित ग्राम पंचायत टगरिया कला का पारगढ़ गांव आज भी बुनियादी विकास कार्यों से कोसों दूर है। गांव के लोगों को मुख्य मार्ग तक आने-जाने के लिए पक्का रास्ता तक मयस्सर नहीं है, जिसके कारण ग्रामीणों को अपनी जान जोखिम में डालकर उफनती नदी पार करने के लिए मजबूर होना पड़ता है।

बरसात के दिनों में और बढ़ जाती है ग्रामीणों की मुश्किलें

स्थानीय निवासियों का कहना है कि मानसून के सीजन में यह परेशानी विकराल रूप धारण कर लेती है। नदी में पानी का जलस्तर बढ़ने के बाद आवापजाही पूरी तरह बाधित हो जाती है। इसके बावजूद जिम्मेदार शासन-प्रशासन की तरफ से इस क्षेत्र में सड़क मार्ग या फिर किसी अन्य वैकल्पिक रास्ते के निर्माण को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं।

स्वास्थ्य सेवाओं पर भी पड़ रहा है रास्ते का बुरा असर

सड़क मार्ग न होने की वजह से अब इसका सीधा असर स्थानीय स्वास्थ्य सेवाओं पर भी साफ दिखने लगा है। बीते दिनों स्वास्थ्य विभाग की टीम के लिए गांव के भीतर तक पहुंचना संभव नहीं हो पाया, जिसके चलते उन्हें मजबूरी में सड़क पर ही टीकाकरण का कार्य करना पड़ा। इस घटना के बाद से ग्रामीणों के बीच प्रशासन के प्रति भारी रोष व्याप्त है।

गांव के लोगों का दर्द है कि उनके नौनिहालों और अन्य जरूरतमंदों को छोटी-मोटी स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ पाने के लिए भी अपनी जान जोखिम में डालकर मुख्य सड़क तक आना पड़ता है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से पुरजोर मांग की है कि पारगढ़ को मुख्य मार्ग से जोड़ने के लिए शीघ्र सड़क का निर्माण कराया जाए, ताकि बरसात के मौसम में आवागमन और चिकित्सा संबंधी दिक्कतों से निजात मिल सके।