प्रशासन की कड़ी कार्रवाई, नोटिस जारी

गुना जिले के आरोन विकासखंड के अंतर्गत आने वाले घटावदा हाईस्कूल में छात्राओं की पानी की बोतलों में यूरिन डालने की गंभीर घटना के बाद स्कूल प्रबंधन के खिलाफ प्रशासनिक स्तर पर सख्त कदम उठाए गए हैं। जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद जिला शिक्षा अधिकारी समर सिंह राठौर ने कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल के निर्देशों के पालन में यह कार्रवाई की है।

इस मामले में स्कूल के प्राचार्य मूलचंद कौशिक और माध्यमिक शिक्षक शिवप्रसाद सिंह जाट को विभाग की ओर से कारण बताओ नोटिस थमाया गया है। दोनों जिम्मेदार कर्मियों को अपना जवाब पेश करने के लिए तीन दिन का समय दिया गया है।

अतिथि शिक्षकों पर गिरी गाज

कार्रवाई के दायरे में वे शिक्षक भी आए हैं जो घटना के दौरान अपनी कक्षाओं से गैरहाजिर पाए गए थे। निर्धारित शिक्षण कालखंड के समय कक्षा से अनुपस्थित मिलने पर अतिथि शिक्षक रामकिशोर शर्मा और रणवीर सिंह धाकड़ की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गई हैं।

जांच समिति और छात्राओं के आरोप

इस पूरे घटनाक्रम की जांच के लिए एक तीन सदस्यीय समिति का गठन किया गया था जिसकी रिपोर्ट के आधार पर ये आदेश दिए गए हैं। घटना के सामने आने के बाद पीड़ित छात्राओं ने प्राचार्य पर गंभीर आरोप लगाए थे कि उन्होंने इस मामले की शुरुआती शिकायत को पूरी तरह नजरअंदाज किया था।

छात्राओं के मुताबिक जब उन्होंने पानी की बोतलों में यूरिन मिलाए जाने की शिकायत प्राचार्य से की थी, तब उन्हें कथित रूप से यह कहकर टरका दिया गया कि मुंह का स्वाद खराब हो गया है और चॉकलेट खा लो। साथ ही उन्हें इस बारे में किसी से भी चर्चा न करने की हिदायत दी गई थी।

प्राचार्य का पक्ष और आगामी कदम

दूसरी ओर, प्राचार्य मूलचंद कौशिक ने अपने ऊपर लगे इन तमाम आरोपों से साफ इनकार किया है। उनका कहना था कि घटना के समय वे स्कूल परिसर में मौजूद ही नहीं थे। फिलहाल प्रशासन द्वारा दिए गए तीन दिन के नोटिस की अवधि पूरी होने और उनका जवाब मिलने के बाद ही आगे की वैधानिक व विभागीय कार्रवाई तय की जाएगी।