शिक्षा विभाग की टीम ने की जांच
दतिया में लिटिल स्टार पब्लिक स्कूल की छत पर स्वतंत्रता दिवस की तैयारी के वक्त 11 हजार केवी हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से 16 वर्षीय छात्र राज कुशवाह की मौत हो गई थी। इस दुर्घटना के बाद गुरुवार शाम को शिक्षा विभाग की एक टीम मुआयना करने के लिए विद्यालय पहुंची, जहां ताला लगा मिला।
कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने विद्यालय परिसर से उपस्थिति रजिस्टर और अन्य महत्वपूर्ण कागजात अपने कब्जे में ले लिए हैं। जिला शिक्षा अधिकारी विद्या मिश्रा ने बताया कि शुरुआती पड़ताल में स्कूल का ढांचा निर्धारित मापदंडों पर खरा नहीं उतरा है।
सुरक्षा इंतजामों में मिली भारी लापरवाही
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि परिसर में आग बुझाने वाले यंत्र यानी अग्निशमन यंत्र स्थापित नहीं किए गए थे। मान्यता के समय देखे जाने वाले सुरक्षा के अन्य पैमानों की भी बारीकी से जांच की जा रही है, जिसमें कई प्रकार की कमियां उजागर हुई हैं।
जिला शिक्षा अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि जांच प्रक्रिया जल्द ही पूरी कर ली जाएगी। इसके बाद नियमों की अनदेखी और पाई गई त्रुटियों के आधार पर विद्यालय प्रबंधन के विरुद्ध उचित अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
छुट्टी के बाद छात्र को बुलवाने का आरोप
मृतक छात्र के परिजनों का आरोप है कि 14 अगस्त को दोपहर करीब डेढ़ बजे विद्यालय की छुट्टी होने के पश्चात प्रबंधन ने राज को दोबारा बुलाया और झंडा फहराने की तैयारी के वास्ते छत पर भेज दिया। लोहे के पाइप के जरिए झंडा लगाते वक्त वह ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन बिजली लाइन के संपर्क में आ गया।
हादसे के बाद करंट लगने से छात्र बुरी तरह झुलस गया और उसकी जान चली गई। परिजनों का यह भी कहना है कि इस दुर्घटना की सूचना उन्हें समय पर नहीं दी गई थी। पीड़ित परिवार ने आर्थिक मुआवजे के बजाय इस घटना के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग उठाई है।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!