दतिया जिले में स्वतंत्रता दिवस के मौके पर एक दर्दनाक हादसा सामने आया है, जहां तिरंगा लगाने के दौरान करंट लगने से एक छात्र की मौत हो गई। लिटिल स्टार पब्लिक स्कूल की छत पर यह हादसा हुआ, जब 16 वर्षीय राज कुशवाह हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया।
परिजनों ने स्कूल प्रबंधन पर लगाए गंभीर आरोप
मृतक छात्र के परिजनों का आरोप है कि स्कूल संचालक ने छुट्टी के बाद राज को वापस बुलाया था और उसे जबरन छत पर झंडा फहराने के लिए भेजा था। हादसे के तुरंत बाद स्कूल प्रबंधन ने परिजनों को घटना की सूचना तक नहीं दी, जिससे परिवार में भारी आक्रोश व्याप्त है।
घटना के विरोध में परिजनों और स्थानीय लोगों ने न्यू कलेक्ट्रेट के सामने नेशनल हाईवे-44 पर जाम लगा दिया। वे स्कूल संचालक के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज करने और स्कूल भवन पर बुलडोजर कार्रवाई की मांग को लेकर अड़े रहे।
जाम में फंसे मंत्री, दिए जांच के निर्देश
प्रदर्शन के दौरान लगे जाम में सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन कल्याण मंत्री नारायण सिंह कुशवाहा का काफिला भी फंस गया। मंत्री ने गाड़ी से उतरकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की और मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों को दोषियों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई के निर्देश दिए।
स्थिति को संभालने के लिए एसपी मयूर खंडेलवाल और एसडीएम सोनाली राजपूत समेत भारी प्रशासनिक अमला मौके पर मौजूद रहा। कोतवाली थाना प्रभारी दिनेश राजपूत ने बताया कि छात्र के शव का पोस्टमॉर्टम करा दिया गया है और परिजनों की शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
शिक्षा विभाग ने दिए जांच के आदेश
जिला शिक्षा अधिकारी विद्या मिश्रा ने कहा कि यह मामला उनके संज्ञान में आ चुका है और इसकी विस्तृत जांच कराई जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच रिपोर्ट के आधार पर नियम विरुद्ध संचालित हो रहे और बच्चों से काम कराने वाले स्कूलों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। हादसे के बाद से लिटिल स्टार पब्लिक स्कूल बंद है और स्कूल संचालक नंदकिशोर कुशवाह की तरफ से इस मामले में अभी तक कोई बयान सामने नहीं आया है।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!