बिजली कटौती से बर्बाद हो रही फसल
अशोकनगर जिले के बहादुरपुर-मुंगावली मार्ग पर बुधवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई जब बड़ी संख्या में किसानों ने जतौली गांव के पास सड़क पर जाम लगा दिया। किसानों का मुख्य रोष बिजली की भारी कटौती को लेकर था, जिससे उनकी खेती बुरी तरह प्रभावित हो रही है।
अन्नदाताओं का कहना है कि कृषि पंपों के लिए तय आठ घंटे की आपूर्ति के एवज में पिछले कुछ दिनों से केवल चार घंटे ही बिजली मिल पा रही है। पानी के अभाव में धान की फसल सूखने की कगार पर पहुंच गई है, जिससे किसानों में भारी नाराजगी है।
कीटनाशक पीने की दी चेतावनी
प्रदर्शन के दौरान स्थिति उस वक्त तनावपूर्ण हो गई जब कुछ किसान अपने साथ कीटनाशक की बोतलें लेकर बैठ गए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो वे यह जहरीली दवा पी लेंगे। इस गंभीर चेतावनी से मौके पर मौजूद पुलिस और प्रशासनिक अमले के हाथ-पांव फूल गए।
हंगामे और जाम के बावजूद प्रदर्शनकारियों ने संवेदनशीलता दिखाते हुए रास्ते से गुजर रही एक चुनरी यात्रा, महिलाओं, बच्चों और बाइक चालकों को बिना रोक-टोक निकलने दिया।
अधिकारियों के आश्वासन पर खुला जाम
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस, प्रशासन और विद्युत विभाग के वरिष्ठ अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने उग्र किसानों से चर्चा की और उनकी समस्याएं इत्मीनान से सुनीं।
बिजली कंपनी के अधिकारियों ने किसानों को समझाया कि तकनीकी फॉल्ट के कारण आपूर्ति बाधित हुई है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जल्द ही फॉल्ट सुधार लिया जाएगा और किसानों को निर्धारित आठ घंटे बिजली नियमित रूप से मिलने लगेगी। आश्वासन मिलने के बाद किसानों ने चक्काजाम समाप्त कर दिया।






टिप्पणियाँ 2
बहुत बढ़िया और संतुलित रिपोर्टिंग। ग्वालियर चंबल टाइम्स पर भरोसा बना रहता है।
अंचल की खबरें इतनी डिटेल में और कहीं नहीं मिलतीं। शुक्रिया!