Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryश्योपुर में रबी सीजन की बुवाई के दौरान खाद, बिजली और पानी की भारी किल्लत से जूझ रहे अन्नदाताओं ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। भारतीय किसान संघ के नेतृत्व में दिए गए इस ज्ञापन में कृषि संकट के समाधान की मांग उठाई गई।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/sheopur-story-bc207f28
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteखाद संकट और महंगे दामों पर मिल रहे उर्वरक Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteश्योपुर जिले में इस समय रबी फसलों की बुवाई का अहम दौर चल रहा है, लेकिन किसानों को खेतों के लिए पर्याप्त मात्रा में खाद नहीं मिल पा रहा है। हालात यह हैं कि किसानों को खुले बाजार में महंगे दामों पर उर्वरक खरीदने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। इस गंभीर समस्या से नाराज किसानों ने भारतीय किसान संघ के बैनर तले अपनी आवाज बुलंद की है। Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteभारतीय किसान संघ के जिला अध्यक्ष नरेंद्र सिंह चौधरी के नेतृत्व में किसानों ने प्रशासन के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन प्रेषित किया। ज्ञापन के जरिए मांग की गई है कि किसानों को तय सरकारी दरों पर ही खाद की सुगम आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि उन्हें आर्थिक नुकसान न उठाना पड़े। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteनहरों में पानी और बिजली आपूर्ति की मांग Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteअन्नदाताओं का कहना है कि पानी के अभाव में उनकी धान की फसल सूखने के कगार पर पहुंच गई है। इसके अलावा सरसों की बुवाई के लिए भी समय पर नहरों में पानी नहीं छोड़ा गया है, जिससे खेती का काम प्रभावित हो रहा है। किसानों ने प्रशासन से तुरंत नहरों में पानी प्रवाहित करने का आग्रह किया है। Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteसिंचाई के साथ-साथ बिजली संकट पर भी रोष जताया गया। किसानों की मांग है कि कृषि कार्यों के लिए उन्हें दिन के समय कम से कम 10 घंटे बिजली मुहैया कराई जाए, जिससे वे सुचारू रूप से अपनी फसलों की सिंचाई कर सकें। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteगेहूं का समर्थन मूल्य बढ़ाने और चोरी की घटनाओं पर रोक Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteज्ञापन में प्रमुख रूप से मांग उठाई गई कि गेंहू का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) बढ़ाकर 2,700 रुपए प्रति क्विंटल किया जाए। इसके साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों से सिंचाई मोटर चोरी होने की बढ़ती घटनाओं पर लगाम कसने और अवैध नशे के कारोबार पर सख्त कार्रवाई करने की बात भी कही गई। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteज्ञापन सौंपने के बाद किसान संघ के पदाधिकारियों ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के साथ-साथ जल संसाधन, खाद और बिजली विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात कर समस्याओं के त्वरित निराकरण पर चर्चा की। इस दौरान मूलचंद मीणा, सरदार वरियम सिंह, जितेंद्र मीणा, मुकेश मीणा, अशोक आर्य, ओमप्रकाश भारती, अजय शर्मा, गुरपेज सिंह, वीरदेव बिसारिया, विरसा सिंह, त्रिलोक सिंह और नरेंद्र चौधरी सहित कई किसान मौजूद रहे। Add text below Add image below