Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryइच्छनाखेड़ली गांव के विवाद में घायल रामस्वरूप बैरवा की कोटा में मौत के बाद परिजनों ने हाईवे पर शव रखकर जाम लगा दिया। करीब तीन घंटे तक चले प्रदर्शन के बाद पुलिस और विधायक की समझाइश से यातायात सुचारू हो सका।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/sheopur-story-3c9e8399
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteश्योपुर जिले के इच्छनाखेड़ली गांव में आपसी विवाद के दौरान घायल हुए रामस्वरूप बैरवा की उपचार के दौरान मौत हो गई। कोटा में 21 अक्टूबर को उनकी सांसें थमने के बाद गुस्साए स्वजन ने गुरुवार की सुबह श्योपुर-सवाई माधोपुर मुख्य मार्ग पर शव रखकर आवागमन बाधित कर दिया। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteतीन घंटे तक बाधित रहा यातायात Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteसड़क पर शव रखकर किए गए इस प्रदर्शन के कारण हाइवे पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और राहगीरों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। जाम की सूचना मिलते ही मानपुर और देहात थाना पुलिस का बल तत्काल मौके पर पहुंच गया। हालात को संभालते हुए एसडीओपी ने घटनास्थल पर पहुंचकर स्वजन से चर्चा की। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteविधायक और पुलिस अधिकारियों की समझाइश Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्रदर्शन की जानकारी मिलते ही स्थानीय विधायक बाबू जंडेल भी मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार को सांत्वना देते हुए 51 हजार रुपए की आर्थिक मदद देने की बात कही। पुलिस अधिकारियों ने दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई का भरोसा दिलाया, जिसके बाद करीब तीन घंटे चली मशक्कत के बाद जाम समाप्त हुआ। Add text below Add image below06Heading Paragraph Heading Subheading Quoteफोन पर बातचीत से शुरू हुआ था विवाद Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपुलिस के अनुसार यह पूरा विवाद 18 अक्टूबर की शाम अशोक बैरवा की पत्नी से फोन पर हुई बातचीत को लेकर उपजा था। अशोक ने बंटी बैरवा पर उसकी पत्नी से बात करने का शक जताया था, जिसके चलते रंजिश बढ़ गई। इसके बाद बंटी बैरवा और कमलेश बैरवा ने लाठी व तलवार से हमला बोल दिया था, जिसमें रामस्वरूप बैरवा और अन्य लोग भी बीच-बचाव व मारपीट में घिरे थे। Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteमानपुर थाने में इस मामले में पहले ही अपराध क्रमांक 205/26 दर्ज किया जा चुका है जिसमें बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई शुरू की गई थी। रामस्वरूप की मौत के बाद अब पुलिस इस मामले में धाराओं को बढ़ाने और अन्य आरोपियों के नाम शामिल करने की प्रक्रिया में जुटी है। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteएसडीओपी आनंद राय ने जानकारी दी है कि पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए नामजद आरोपियों को रात में ही अपनी गिरफ्त में ले लिया है जिन्हें अब अदालत में पेश किया जाएगा। साथ ही, स्वजन के बयनों और आगे की जांच के आधार पर मामले में एक और आरोपी का नाम जोड़ा जाएगा। Add text below Add image below