Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryबलराम जयंती के अवसर पर भारतीय किसान संघ के कार्यक्रम में किसानों की समस्याओं और आवारा मवेशियों से फसलों के बचाव पर चर्चा हुई। प्रशासन ने गांवों में सामूहिक गोशालाएं स्थापित करने में पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/morena-story-b97f3b79
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteपोरसा में आयोजित हुआ किसान संघ का विशेष कार्यक्रम Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteबलराम जयंती के पावन अवसर पर भारतीय किसान संघ की ओर से एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से अंचल के किसानों के समक्ष आ रही कृषि संबंधी विभिन्न समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई। Add text below Add image below03Heading Paragraph Heading Subheading Quoteआवारा मवेशियों और फसल सुरक्षा पर हुई गंभीर चर्चा Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteबैठक के दौरान किसानों ने आवारा पशुओं की वजह से फसलों को रोजाना पहुंच रहे भारी नुकसान का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। इस पर सभा में मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों ने किसानों के साथ विचार-विमर्श किया और इस समस्या के स्थायी समाधान पर जोर दिया। Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteतहसीलदार विश्राम सिंह बघेल ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि यदि गांव के लोग आपसी सहयोग से समितियां बनाकर निजी और सामूहिक गोशालाओं का संचालन करें, तो प्रशासन इस कार्य में हरसंभव सहायता प्रदान करेगा। Add text below Add image below06Heading Paragraph Heading Subheading Quoteजैविक खाद और गोशाला की आय का सदुपयोग Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteचर्चा के दौरान किसानों ने बताया कि रासायनिक खादों के विकल्प के रूप में जैविक खेती और गोबर की खाद अपनाने की सलाह दी जाती है, परंतु घर पर पर्याप्त पशुधन न होने के कारण कई अन्नदाता जैविक खाद तैयार करने में असमर्थ रहते हैं। Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस कठिनाई का समाधान बताते हुए तहसीलदार बघेल ने कहा कि सामूहिक गोशालाओं के माध्यम से आसानी से गोबर की खाद तैयार करके किसानों को उपलब्ध कराई जा सकती है। Add text below Add image below09Quote Paragraph Heading Subheading Quoteगोशाला से जुड़े क्षेत्रों में खेती, पौधारोपण और अन्य गतिविधियों से होने वाली आय का उपयोग गोशाला के रख-रखाव के साथ-साथ गांवों की स्वच्छता, स्कूलों, आंगनवाड़ियों और अन्य सामुदायिक विकास कार्यों में किया जा सकेगा। Add text below Add image below