Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryग्वालियर नगर निगम की जनसुनवाई में वार्ड 17 के निवासियों और पार्षदों ने सीवर, सड़क तथा पानी की बदहाली को लेकर प्रदर्शन किया। इसके साथ ही मुरार के हाथ ठेला कारोबारियों ने स्थायी हॉकर्स जोन की मांग उठाते हुए नगर निगम प्रशासन को अपनी समस्याएं सुनाईं।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/gwalior-story-b2bf00e9
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteग्वालियर नगर निगम मुख्यालय में आयोजित साप्ताहिक जनसुनवाई में शहर के विभिन्न इलाकों से लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। इस दौरान मुख्य रूप से सीवर लाइन, खराब सड़कें, पेयजल आपूर्ति और मकान विवाद के मामले प्रमुखता से उठाए गए। स्थानीय निवासियों और जनप्रतनिधियों ने अधिकारियों के सामने अपनी परेशानियां रखीं और त्वरित समाधान की मांग की। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteवार्ड 17 में बुनियादी सुविधाओं का अभाव, सात दिन का अल्टीमेटम Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteवार्ड क्रमांक 17 की पार्षद किरण वर्मा और उनके पति धर्मेंद्र वर्मा ने निगम आयुक्त के नाम ज्ञापन सौंपकर क्षेत्र की गंभीर समस्याओं की ओर ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने बताया कि इलाके में क्षतिग्रस्त सीवर लाइनें और सड़कों पर बने बड़े-बड़े गड्ढे आम नागरिकों के लिए मुसीबत बन चुके हैं। आरा मिल क्षेत्र में पुरानी सीवर लाइन को जोड़ने और पाताली हनुमान मंदिर से कांच मिल तक नई लाइन डालने की मांग लंबे समय से की जा रही है। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteधर्मेंद्र वर्मा ने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के बड़े भाई स्वर्गीय देवेंद्र तोमर के नाम पर घोषित मार्ग के भूमि पूजन को दो साल बीत चुके हैं, लेकिन आज तक सड़क का निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ है। इन गड्ढों के कारण आए दिन लोग दुर्घटनाओं में चोटिल हो रहे हैं, यहां तक कि आपात स्थिति में एंबुलेंस को भी निकलने में भारी परेशानी उठानी पड़ती है। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteदीपावली के बाद आंदोलन की चेतावनी Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपार्षद प्रतिनिधि ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि सात दिन के भीतर समस्याओं का समाधान नहीं हुआ, तो दीपावली के बाद स्थानीय नागरिकों के साथ मिलकर ऊर्जा मंत्री के बंगले का घेराव किया जाएगा और धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। इस पर अपर आयुक्त ने स्पष्ट किया कि सीवर लाइन का काम पूरा होने के तुरंत बाद ही सड़क निर्माण का कार्य शुरू कर दिया जाएगा। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteमुरार के ठेला कारोबारियों ने उठाई हॉकर्स जोन की मांग Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजनसुनवाई में मुरार के हाथ ठेला कारोबारियों ने भी अपनी आवाज बुलंद की। हाट-ठेला फुटपाथ व्यवसायी संघ के अध्यक्ष बृजेश दुबे के नेतृत्व में पहुंचे दुकानदारों ने नगर निगम की कार्रवाई और कथित अवैध वसूली पर नाराजगी जताई। उनका कहना था कि गरीब दुकानदारों को आए दिन परेशान किया जाता है और उनके ठेले जब्त कर लिए जाते हैं। लगभग एक सदी से कारोबार कर रहे इन व्यापारियों ने क्षेत्र में एक स्थायी और व्यवस्थित हॉकर्स जोन बनाए जाने की मांग की है। Add text below Add image below09Heading Paragraph Heading Subheading Quoteपैतृक मकान के विवाद पर भी हुई चर्चा Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजनसुनवाई के दौरान काशीराम नाम के व्यक्ति ने अपने पैतृक मकान के विवाद का मामला उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी अनुपस्थिति में उनके घर पर अवैध रूप से शौचालय का निर्माण कर लिया गया है। इस मामले में अपर आयुक्त प्रदीप तोमर ने बताया कि जांच में यह पाया गया है कि संबंधित शौचालय करीब 40 से 50 साल पुराना है और इस संबंध में शिकायतकर्ता को पहले भी कई बार वस्तुस्थिति समझाई जा चुकी है। Add text below Add image below