Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryफतेहगढ़ इलाके में हुई पप्पू धाकड़ की मौत के मामले में पुलिस पर सुनवाई न करने का आरोप लगा है। अब परिवार ने न्याय की आस में अदालत का दरवाजा खटखटाया है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/guna-story-c0e01693
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजिले के फतेहगढ़ क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले धनोरिया गांव में पप्पू धाकड़ की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत का मामला अब अदालत तक पहुंच गया है। पीड़ित परिवार ने इस संबंध में कोर्ट में परिवाद दायर कर स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteएक बीघा जमीन और बाड़े को लेकर था पुराना विवाद Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteअदालत में दिए गए परिवाद के मुताबिक मृतक पप्पू और आरोपी पक्ष के बीच लगभग एक बीघा कृषि भूमि के साथ ही एक बाड़े को लेकर रंजिश चली आ रही थी। गत 24 अगस्त की सुबह करीब 8 से 9 बजे के बीच रामस्वरूप उर्फ माटसाहब और उसके बेटे राजकुमार ने कथित तौर पर पप्पू के साथ विवाद किया। आरोप है कि दोनों ने पहले गाली-गलौज की और फिर उसके साथ मारपीट करते हुए उसे चबूतरे से नीचे पत्थर पर गिरा दिया। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपरिवार का यह भी आरोप है कि मारपीट के दौरान एक आरोपी ने मृतक की गर्दन और पीठ के हिस्से पर पैर रखकर दबाव बनाया, जबकि दूसरे आरोपी ने उसके दोनों हाथ मजबूती से पकड़ रखे थे जिससे वह बचाव नहीं कर सका। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteअस्पताल में डॉक्टरों ने घोषित किया था मृत Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteघटना के तुरंत बाद गंभीर हालत में पप्पू को उपचार के लिए कैलवाड़ा अस्पताल पहुंचाया गया था, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। इस पूरी घटना की चश्मदीद मृतक की पत्नी, उसकी बेटियां और एक अन्य महिला को बताया गया है, जिन्होंने आरोपियों की करतूत को अपनी आंखों से देखने का दावा किया है। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteपरिजन का मुख्य आरोप है कि पुलिस ने इस मामले में हत्या का केस दर्ज करने से गुरेज किया। उनका कहना है कि मर्ग और देहाती नालसी जैसी प्राथमिक प्रक्रियाओं में भी घटना से जुड़े वास्तविक तथ्यों को जानबूझकर छिपाया गया और सही तरीके से दर्ज नहीं किया गया। Add text below Add image below08Heading Paragraph Heading Subheading Quoteउच्च अधिकारियों को आवेदन देने के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteन्याय पाने के लिए पीड़ित परिवार ने गत 31 अगस्त, 8 सितंबर और 22 सितंबर को जिला कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक समेत कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों को लिखित आवेदन सौंपे थे। इन सभी पत्रों में निष्पक्ष जांच कराते हुए हत्या का मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई थी, लेकिन परिजनों का कहना है कि तमाम गुहार के बावजूद अब तक पुलिस ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइसके अतिरिक्त, परिवाद में यह भी सनसनीखेज आरोप लगाया गया है कि आरोपी पक्ष के रिश्तेदारों की ओर से उन्हें मामले को रफा-दफा करने के एवज में 5 लाख रुपये का लालच दिया गया और कार्रवाई न करने की धमकी भी दी गई। Add text below Add image below11Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteअब पीड़ित परिवार ने न्यायालय से गुहार लगाई है कि भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103 सहित अन्य सुसंगत धाराओं के तहत आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया जाए और उन्हें नियमानुसार उचित क्षतिपूर्ति दिलाई जाए। Add text below Add image below