Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryप्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के तहत गुना जिले में तय लक्ष्य से अधिक सोलर प्लांट लगाए जा चुके हैं। हालांकि, नेट मीटर की कमी के कारण दर्जनों तैयार प्लांट शुरू नहीं हो पा रहे हैं, जिससे उपभोक्ताओं को वित्तीय नुकसान उठाना पड़ रहा है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/guna-story-9f0e9a9b
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteगुना जिले में केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना को लेकर स्थानीय नागरिकों में काफी उत्साह देखने को मिला है। स्थिति यह है कि बिजली कंपनी द्वारा निर्धारित शुरुआती लक्ष्य से कहीं अधिक लोगों ने छतों पर सोलर पैनल और इनवर्टर स्थापित करवा लिए हैं। योजना के तहत जिले में शुरुआती तौर पर एक हजार से बारह सौ सोलर प्लांट लगाने का प्रारंभिक लक्ष्य तय किया गया था। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteलक्ष्य से आगे निकले आवेदन, घट गया मीटरों का स्टॉक Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteयोजना के प्रति लोगों के बढ़ते रुझान के कारण पंद्रह सौ से ज्यादा उपभोक्ताओं ने इसके लिए पंजीकरण कराया और आवेदन किए। जिले में बारह सौ से अधिक परिसरों में सोलर सिस्टम लगाने का काम पूरा हो चुका है, जिनमें से करीब ग्यारह सौ पचास प्लांट की कमीशनिंग भी हो चुकी है। इसके बावजूद शहर के विभिन्न हिस्सों जैसे चौधरन कॉलोनी सहित अन्य क्षेत्रों में पचास से साठ तैयार प्लांट नेट मीटर के अभाव में ठप पड़े हैं। बिजली कंपनी के स्टोर में मीटरों का स्टॉक समाप्त होने के कारण यह स्थिति उत्पन्न हुई है। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteलोन की किस्त और बिजली बिल का दोहरा बोझ Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteनेट मीटर न लग पाने की वजह से उपभोक्ताओं को दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। जिन लोगों ने बैंक से कर्ज लेकर अपनी छतों पर सोलर प्लांट लगवाए हैं, उनकी ईएमआई यानी बैंक किस्तें तो शुरू हो चुकी हैं, लेकिन प्लांट चालू न होने के कारण उन्हें सामान्य बिजली बिल भी भरना पड़ रहा है। इसके अलावा नेट मीटर के बिना प्लांट की कमीशनिंग और आधिकारिक प्रक्रिया पूरी नहीं हो पा रही है, जिससे मिलने वाली सब्सिडी का रास्ता भी अटक गया है। Add text below Add image below06Heading Paragraph Heading Subheading Quoteबिजली कंपनी ने भेजी नए मीटरों की मांग Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteमीटरों की किल्लत सामने आने के बाद स्थानीय विद्युत वितरण कंपनी ने उच्च अधिकारियों को अतिरिक्त मीटरों के लिए दोबारा मांग पत्र भेज दिया है। महाप्रबंधक अशोक शर्मा के अनुसार गुना शहर के लिए पैंतीस और कैंट क्षेत्र के लिए बाईस यानी कुल सत्तावन नए मीटरों की डिमांड भेजी गई है। कंपनी का दावा है कि जैसे ही स्टोर में मीटर पहुंचेंगे, वरिष्ठता सूची और आवेदन की तारीख के आधार पर इन्हें स्थापित कर पेंडिंग प्लांट चालू कर दिए जाएंगे। Add text below Add image below