Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryगोकुल सिंह चक सब स्टेशन पर क्षमतावर्धन के काम के चलते शहर में बिजली कटौती की गई थी। ट्रांसमिशन लाइन चालू होने के बावजूद वितरण कंपनी की लापरवाही से अधिकांश इलाकों में घंटों आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/guna-story-4a9ad4d2
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteशहर में बिजली सुधार कार्य के नाम पर घंटों रहा ब्लैकआउट Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteगुना के गोकुल सिंह चक स्थित सब स्टेशन पर अधिक क्षमता वाली नई बिजली लाइन लगाने के लिए गुरुवार को पूरे शहर में शटडाउन लिया गया था। निर्धारित योजना के अनुसार सिटी क्षेत्र में दोपहर 3 बजे और कैंट इलाके में शाम 4 बजे तक बिजली आपूर्ति बंद रखी जानी थी। Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteट्रांसमिशन कंपनी ने तय समय यानी दोपहर 3:32 बजे ही कैंट और सिटी के सभी फीडरों पर बिजली बहाल कर दी थी। इसके बावजूद शहर के अधिकांश हिस्सों में शाम 6 बजे तक बिजली नहीं पहुंची, जिससे स्थानीय नागरिकों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। Add text below Add image below04Heading Paragraph Heading Subheading Quoteवितरण कंपनी की लेटती से बिगड़े हालात Add text below Add image below05Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteफीडरों से घरों, दुकानों और संस्थानों तक बिजली पहुंचाने की जिम्मेदारी वितरण कंपनी की होती है, लेकिन कंपनी ने समय पर आपूर्ति शुरू नहीं की। इस लचर व्यवस्था के कारण शहर की जनता को अनावश्यक रूप से परेशान होना पड़ा। Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteबिजली गुल रहने का सबसे बुरा असर जिला अस्पताल के पुराने भवन पर पड़ा, जो सुबह 9 बजे से लेकर शाम तक पूरी तरह अंधेरे में डूबा रहा। इस ब्लॉक में एक्सरे, सीटी स्कैन और सोनोग्राफी जैसी महत्वपूर्ण जांचें होती हैं। Add text below Add image below07Heading Paragraph Heading Subheading Quoteसोलर प्लांट और जनरेटर होने के बावजूद अस्पताल में छाया रहा अंधेरा Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteहैरानी की बात यह है कि जिला अस्पताल के पुराने भवन में जनरेटर और सोलर प्लांट जैसी सुविधाएं पहले से मौजूद हैं, इसके बावजूद बिजली गुल रहने पर वे काम नहीं आए। इस भवन में मेडिकल और सर्जरी वार्ड में मरीज भी भर्ती रहते हैं, लेकिन एक भी बल्ब नहीं जल रहा था। Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteअस्पताल के अलावा संजय स्टेडियम के सामने स्थित पुलिस पेट्रोल पंप भी बिजली न होने के कारण बंद रहा। सर्वर ठप होने की वजह से वाहन चालकों को ईंधन के लिए खासी मशक्कत करनी पड़ी। Add text below Add image below10Heading Paragraph Heading Subheading Quoteअभी केवल तैयार हुआ है ढांचा, आगे और भी शटडाउन की आशंका Add text below Add image below11Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteगुरुवार को लगभग 6 घंटे चली इस लंबी कवायद के बाद भी केवल उस ढांचे को तैयार किया जा सका है जिस पर भविष्य में नई लाइन डाली जाएगी। मुख्य लाइन डालने का काम अभी बाकी है, जिसके लिए अधिकारियों के अनुसार एक बार फिर से लंबा शटडाउन लेना पड़ेगा। Add text below Add image below12Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस प्रकार के बड़े शटडाउन के लिए उच्च स्तर से अनुमति लेनी होती है। लगभग चार महीने पहले भी ऐसा ही लंबा शटडाउन लिया गया था। इस सब स्टेशन पर करीब छह महीने पहले सात करोड़ रुपये की लागत से नया ट्रांसफार्मर लगाया गया था, जिसके बाद से यह क्रमिक प्रक्रिया चल रही है। Add text below Add image below