Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryगुना जिले के मृगवास थाना क्षेत्र में पंचायत सचिव को व्हाट्सएप पर सरकारी काम की लिंक समझकर एपीके फाइल खोलना महंगा पड़ गया। शातिर ठगों ने उनके बैंक खाते से तीन लाख से अधिक की नकदी पार कर दी।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/guna-305-a96dbf1b
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteगुना जिले के मृगवास थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली सानई चौकी के ग्राम तलावड़ा में साइबर धोखाधड़ी का एक नया मामला प्रकाश में आया है। व्हाट्सएप पर आई एक अज्ञात एपीके फाइल को शासकीय कार्य से जुड़ा मानकर क्लिक करना एक स्थानीय पंचायत सचिव को भारी पड़ गया। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteसरकारी कार्य की लिंक समझकर बढ़ाई मुश्किलें Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्राप्त जानकारी के अनुसार, पीड़ित मिंटूलाल (59) पुत्र सोनाराम मीणा ग्राम तलावड़ा मजरा सानई के निवासी हैं और वर्तमान में ग्राम पंचायत बरोद में सचिव के पद पर सेवाएं दे रहे हैं। गत 18 अगस्त 2026 को उनके मोबाइल पर व्हाट्सएप के माध्यम से एक संदिग्ध एपीके फाइल भेजी गई थी। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteफरियादी ने इसे किसी सरकारी योजना या कार्य से संबंधित समझकर अपने फोन में ओपन कर लिया। फाइल खुलते ही उनका मोबाइल फोन कथित तौर पर साइबर अपराधियों के रिमोट कंट्रोल में आ गया, जिससे ठगों को बैंक खातों तक अनधिकृत पहुंच मिल गई। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteअलग-अलग तारीखों में हुई अवैध निकासी Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस बात की भनक पीड़ित को तब लगी जब वे 23 अगस्त को अपनी बैंक शाखा पहुंचे और वहां से खाते का स्टेटमेंट निकलवाया। बैंक रिकॉर्ड की जांच करने पर पता चला कि उनके खाते से कुल 3 लाख 5 हजार 50 रुपये की रकम अलग-अलग चरणों में ट्रांसफर कर ली गई है। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteठगों ने योजनाबद्ध तरीके से 18 अगस्त को दो बार में 4,969 रुपये, 21 अगस्त को चार किस्तों में 99,979 रुपये, 22 अगस्त को चार बार में 99,999 रुपये और 23 अगस्त को 1,00,103 रुपये विभिन्न यूपीआई माध्यमों से उड़ाए। Add text below Add image below08Heading Paragraph Heading Subheading Quoteपुलिस ने दर्ज किया धोखाधड़ी का मामला Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteराष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (1930) के माध्यम से ई-जीरो एफआईआर दर्ज होने के बाद मृगवास पुलिस ने मामले की तहकीकात शुरू की। सानई चौकी प्रभारी उप निरीक्षक राहुल शर्मा द्वारा प्रस्तुत जांच प्रतिवेदन के आधार पर पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर लिया है। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteफिलहाल स्थानीय पुलिस और साइबर सेल की टीम संयुक्त रूप से इस मामले की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। ठगी में इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबरों और बैंक खातों के डिजिटल पदचिह्नों को खंगाला जा रहा है ताकि अपराधियों तक पहुंचा जा सके। Add text below Add image below