Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryगुना जिले में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के प्रयास तेज कर दिए गए हैं। कलेक्टर से मुलाकात के बाद अब म्याना और उमरी क्षेत्र की महिलाओं को विशेष प्रशिक्षण देकर स्वरोजगार से जोड़ा जाएगा।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/guna-300-f677cda8
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteगुना जिले में महिला स्व-सहायता समूहों की स्थिति को मजबूत करने और उन्हें आर्थिक रूप से स्वावलंबी बनाने की दिशा में नए कदम उठाए जा रहे हैं। इसी कड़ी में राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन और शक्तिशाली महिला संगठन समिति के एक प्रतिनिधिमंडल ने जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल से मुलाकात की। इस दौरान जिले में महिलाओं के लिए चलाए जा रहे कौशल विकास कार्यक्रमों की विस्तृत रूपरेखा साझा की गई। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteउमरी की महिलाओं ने तैयार किए इको-फ्रेंडली उत्पाद Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteबैठक के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने जानकारी दी कि सीएमएस फाउंडेशन और शक्तिशाली महिला संगठन समिति के सहयोग से उमरी गांव की करीब 200 स्व-सहायता समूह की महिलाओं को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। इस हुनरमंद प्रशिक्षण के बाद महिलाओं ने कई प्रकार के आकर्षक और उपयोगी सामान अपने हाथों से तैयार किए हैं। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशिक्षण प्राप्त महिलाओं ने गोबर से बने पर्यावरण-अनुकूल उत्पाद, जूट के थैले, विभिन्न प्रकार की कलाकृतियां और पारंपरिक लोक कला से जुड़े सामान बनाए हैं। प्रतिनिधिमंडल इन उत्पादों को लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचा था, जहां उन्होंने ये वस्तुएं कलेक्टर को दिखाईं और उपहार स्वरूप भेंट कीं। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteकलेक्टर ने की सराहना, राशन दुकानों पर बेचने का सुझाव Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteकलेक्टर किशोर कुमार कन्याल ने महिलाओं की इस मेहनत और उनके द्वारा तैयार किए गए उत्पादों की खुलकर प्रशंसा की। इस सराहनीय कार्य के लिए स्व-सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं को प्रशंसा पत्र भी प्रदान किए गए, ताकि उनका मनोबल बढ़ सके। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइस दौरान कलेक्टर ने एक उपयोगी सुझाव देते हुए कहा कि महिलाओं द्वारा बनाए गए इन स्थानीय उत्पादों को सार्वजनिक वितरण प्रणाली की राशन दुकानों और प्राथमिक सहकारी समितियों के माध्यम से बिक्री के लिए उपलब्ध कराया जाए। ऐसा होने से महिलाओं को अपने उत्पाद बेचने के लिए एक स्थानीय बाजार मिलेगा और उनकी आमदनी में भी इजाफा होगा। Add text below Add image below08Heading Paragraph Heading Subheading Quoteबमोरी ब्लॉक तक होगा विस्तार Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशासनिक स्तर पर इस स्वरोजगार अभियान का दायरा अब और अधिक बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। कलेक्टर ने निर्देश दिए हैं कि इस कार्यक्रम को बमोरी ब्लॉक तक विस्तारित किया जाए। योजना के तहत म्याना और उमरी क्षेत्र की लगभग 300 नई महिलाओं को चिन्हित कर आजीविका गतिविधियों से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteजिला प्रशासन की ओर से महिलाओं के इन प्रयासों को हरसंभव प्रशासनिक सहायता और सहयोग देने का भरोसा दिलाया गया है, जिससे ग्रामीण अंचल में महिला सशक्तिकरण को नई गति मिल सके। Add text below Add image below