Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryशासकीय महाविद्यालय इंदरगढ़ में राष्ट्रीय सेवा योजना का 58वां स्थापना दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने रंगोली बनाकर सामाजिक संदेश दिए और प्राचार्य ने सेवा भाव का महत्व समझाया।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/datia-story-bc5cf5f3
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Heading Paragraph Heading Subheading Quoteशासकीय महाविद्यालय में मनाया गया 58वां एनएसएस स्थापना दिवस Add text below Add image below02Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइंदरगढ़ के शासकीय महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना यानी एनएसएस का 58वां स्थापना दिवस और सेवा संकल्प कार्यक्रम पूरी ऊर्जा के साथ आयोजित किया गया। इस विशेष आयोजन की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. निलय गोस्वामी ने की, जिसमें छात्र-छात्राओं और एनएसएस स्वयंसेवकों ने बढ़-चढ़कर अपनी हिस्सेदारी दर्ज कराई। Add text below Add image below03Heading Paragraph Heading Subheading Quoteरंगोली कला के जरिए उकेरे गए सामाजिक जागरूकता के संदेश Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteकार्यक्रम की श्रृंखला में महाविद्यालय परिसर में रंगोली प्रतियोगिता जैसी रचनात्मक गतिविधियां हुईं। विद्यार्थियों ने रंगों के माध्यम से एनएसएस के आधिकारिक लोगो, राष्ट्र निर्माण, सामाजिक जागरूकता और सेवा भाव से जुड़े सुंदर संदेशों को जमीन पर उतारा। छात्र-छात्राओं की इन कलाकृतियों ने वहां मौजूद हर शख्स का ध्यान अपनी ओर खींचा और कॉलेज के स्टाफ ने युवाओं की इस प्रतिभा की जमकर प्रशंसा की। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteप्राचार्य ने बताया 'मैं नहीं, आप' मंत्र का वास्तविक अर्थ Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteमुख्य वक्ता के तौर पर अपने संबोधन में प्राचार्य डॉ. निलय गोस्वामी ने एनएसएस के गौरवशाली इतिहास और इसके उद्देश्यों पर विस्तार से बात की। उन्होंने स्वयंसेवकों को 'मैं नहीं, आप' जैसे मूल मंत्र का महत्व समझाते हुए कहा कि यह योजना युवाओं के भीतर समाज के प्रति जवाबदेही और सेवा का भाव पैदा करती है। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteउन्होंने आगे कहा कि इस तरह के कार्यक्रम विद्यार्थियों के व्यक्तित्व में निखार लाने के साथ-साथ उनमें नेतृत्व क्षमता, अनुशासन और राष्ट्र निर्माण की सोच को भी मजबूत करते हैं। उन्होंने सभी युवाओं से अपील की कि वे अपनी पढ़ाई के साथ-साथ सामाजिक हित के कार्यों में भी आगे आएं। Add text below Add image below08Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteकार्यक्रम का संचालन डॉ. शबाना बानो द्वारा किया गया। इस अवसर पर एनएसएस अधिकारी डॉ. मुकेश कुमार मौर्य के अलावा टेकचंद भारद्वाज, अर्जित चतुर्वेदी, डॉ. सरिता सिंह चौहान, डॉ. सचिन गौरी, सौरभ सैनी, रोहित कुशवाह, दुष्यन्त कर्ण, मनोज रायकवार, बंटी बघेल और नीरज कर्ण समेत पूरा महाविद्यालय स्टाफ और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। Add text below Add image below