Story detailsHeadline, summary, section, and byline.HeadlineSummaryकलेक्टर के साथ समय सीमा बैठक में हुए विवाद के बाद भांडेर स्थानांतरित किए गए तहसीलदार अमित दुबे को सरकारी आवास खाली करने का निर्देश दिया गया है। इसके अलावा एक अन्य मामले में शिक्षिका को भी जिला शिक्षा अधिकारी के नाम आवंटित मकान से बेदखल करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।Categoryदुर्घटनाराजनीतिसमस्या/problemस्थानीयअपराधशिक्षाखेलमनोरंजनव्यापारस्थानीयDistrictNo districtग्वालियरदेशमुरैनाभिंडश्योपुरदतियाशिवपुरीगुनाअशोकनगरAuthorEditorial deskMushtaq Ahmad Khan - Editor In Chiefiuyiuhकृषि डेस्क - कृषि संवाददाताक्राइम डेस्क - अपराध संवाददाताधर्म डेस्क - धर्म संपादकपर्यटन डेस्क - पर्यटन संवाददाताराजनीति डेस्क - राजनीतिक विश्लेषकव्यापार डेस्क - व्यापार संवाददाताशिक्षा डेस्क - शिक्षा संवाददातासंपादकीय डेस्क - वरिष्ठ संपादकसांस्कृतिक डेस्क - सांस्कृतिक संपादकस्पोर्ट्स डेस्क - खेल संवाददाताPublish timeStory URLURL slug/article/datia-story-b17a4cfe
StoryWrite in reading order. Add images exactly where they should appear. Text block Image block01Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteदतिया जिले में प्रशासनिक स्तर पर एक बार फिर सख्ती देखने को मिल रही है। हाल ही में समय सीमा (टीएल) बैठक के दौरान कलेक्टर के साथ हुए विवाद के बाद भांडेर स्थानांतरित किए गए तहसीलदार अमित दुबे को उनका सरकारी आवास खाली करने का आधिकारिक नोटिस थमाया गया है। Add text below Add image below02Heading Paragraph Heading Subheading Quoteलोक परिसर अधिनियम के तहत जारी हुए निर्देश Add text below Add image below03Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteस्थानीय प्रशासन से मिली जानकारी के अनुसार, दतिया के एसडीएम न्यायालय द्वारा लोक परिसर (बेदखली) अधिनियम के प्रावधानों के अंतर्गत यह कार्रवाई की जा रही है। सिविल लाइन क्षेत्र के पंचशील नगर स्थित एफ-78 सरकारी आवास वर्तमान में तहसीलदार अमित दुबे के पास था, जिसे अब खाली करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं। Add text below Add image below04Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteबता दें कि कुछ समय पूर्व आयोजित टीएल बैठक में कलेक्टर स्वप्निल वानखेड़े और तहसीलदार अमित दुबे के बीच किसी बात को लेकर तीखी बहस और विवाद हो गया था। इस घटनाक्रम के तुरंत बाद प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दुबे का तबादला भांडेर कर दिया था और उन्हें वहां कार्यपालिक दंडाधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। Add text below Add image below05Heading Paragraph Heading Subheading Quoteदूसरे अधिकारी को हो चुका है मकान आवंटित Add text below Add image below06Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, पंचशील नगर स्थित उक्त एफ-78 आवास को अब कलेक्टर कार्यालय के आदेश के तहत नायब तहसीलदार समीक्षा गुर्जर के नाम पर आवंटित किया जा चुका है। नए अधिकारी को मकान का आधिपत्य मिलने में बाधा न आए, इसलिए पुराने occupants को नोटिस देकर जल्द से जल्द परिसर खाली करने को कहा गया है। Add text below Add image below07Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteइसी तरह का एक अन्य मामला भी सामने आया है, जो सिविल लाइन स्थित शासकीय हाईस्कूल के समीप बने एफ-1 आवास से जुड़ा हुआ है। यह सरकारी मकान कलेक्टर के आदेशानुसार जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) के लिए तय किया गया है, लेकिन इसके बावजूद इस बंगले में शासकीय माध्यमिक विद्यालय की शिक्षिका रजनी मुखरैया निवास कर रही हैं। Add text below Add image below08Heading Paragraph Heading Subheading Quoteचार सितंबर को होगी सुनवाई, चस्पा किया जाएगा नोटिस Add text below Add image below09Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteशिकायत मिलने के बाद प्रशासन ने शिक्षिका रजनी मुखरैया को भी बेदखली का औपचारिक नोटिस जारी किया है। इन दोनों ही मामलों में एसडीएम न्यायालय द्वारा आगामी चार सितंबर की तारीख सुनवाई के लिए निर्धारित की गई है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि तय अवधि के भीतर यदि आवास खाली नहीं किए जाते हैं, तो नियमों के तहत पुलिस बल का उपयोग करके जबरन बेदखली की कार्रवाई की जाएगी। Add text below Add image below10Paragraph Paragraph Heading Subheading Quoteप्रशासनिक अमले ने यह भी चेतावनी दी है कि यदि संबंधित लोगों ने नोटिस स्वीकार करने से मना किया, तो आदेश की प्रति को उनके आवास के मुख्य दरवाजे पर चस्पा कर दिया जाएगा। दोनों ही सरकारी आवासों को लेकर शुरू हुई इस प्रक्रिया से स्थानीय प्रशासनिक हलकों में सुगबुगाहट तेज हो गई है। Add text below Add image below